RANCHI : झारखंड की राजधानी रांची में मॉनिटर लिजार्ड के अंगों की कथित तस्करी के आरोप में वन विभाग और वाइल्ड लाइफ क्राइम कंट्रोल ब्यूरो ने मेन रोड स्थित एक होटल से तीन लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार लोगों में बाप, बेटा और एक अन्य शामिल हैं। छापेमारी के दौरान होटल के कमरे से मॉनिटर लिजार्ड के गुप्त अंग बरामद किए गए।
वन विभाग की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, ब्यूरो को गुप्त सूचना मिली थी कि डेली मार्केट स्थित होटल नटराज में कुछ लोग मॉनिटर लिजार्ड के अंगों की अवैध खरीद-बिक्री के लिए ठहरे हुए हैं। सूचना के आधार पर गठित टीम ने गुरुवार को होटल में छापेमारी की। जांच के दौरान होटल के कमरा नंबर 203 में काले रंग के प्लास्टिक बैग से मॉनिटर लिजार्ड के 30 कथित हत्था जोड़ी अंग बरामद किए गए।
मौके पर मौजूद तीनों लोगों से पूछताछ की गई, लेकिन उन्होंने बरामद सामान के संबंध में जानकारी होने से इनकार किया। वहीं होटल प्रबंधन ने बताया कि कमरा नंबर 203 और 206, पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर निवासी विष्णु कुमार गुप्ता के नाम पर 13 मई 2026 से बुक था। वन विभाग ने ये भी बताया कि आरोपियों पर वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 (संशोधित 2022) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। यह अपराध संज्ञेय और दंडनीय श्रेणी में आता है। मॉनिटर लिजार्ड के अंगों की तस्करी अक्सर अंधविश्वास और तांत्रिक गतिविधियों से जोड़कर की जाती है। भारत में यह जीव संरक्षित श्रेणी में शामिल है।
क्या होता है माॅनिटर लिजार्ड
मॉनिटर लिजार्ड (Monitor Lizard) को ‘गोह’ या ‘विषखोपड़ा’ भी कहा जाता है। यह वरानिडे (Varanidae) परिवार की एक बड़ी और शक्तिशाली मांसाहारी छिपकली है। यह मुख्य रूप से अफ्रीका, एशिया और ऑस्ट्रेलिया में पाई जाती है।

