
चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन, राष्ट्रीय अंडा समन्वय समिति, प्रदान संस्था एवं एलांग दोलांग कृषक उत्पादक कंपनी के संयुक्त प्रयास से झारखंड राज्य की महत्वाकांक्षी ‘एग कार्ट योजना’ के तहत ग्रामीण महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने एवं आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। इस क्रम में आयोजित कार्यक्रम में सहायक समाहर्ता हीरा जोरवाल एवं अपर उपायुक्त श्री क्रिस्टो कुमार बेसरा के द्वारा चयनित महिला लाभुकों के बीच निःशुल्क एग कार्ट एवं आवश्यक उपकरणों का वितरण किया गया।
SHG महिलाओं को मिलेगा योजना का लाभ
कार्यक्रम के दौरान सोनुवा, चक्रधरपुर, बंदगांव एवं हाटगम्हरिया क्षेत्र की स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को योजना का लाभ प्रदान किया गया। इनमें मंजू प्रधान, दामयंती प्रधान, सरोजिनी कुम्भकार, यशोदा देवी, श्रीमती सुशीला पूर्ति एवं पिंकी बिरुआ सहित अन्य चयनित महिला लाभुक शामिल रहीं। लाभुक महिलाओं को प्रमाण-पत्र एवं एग कार्ट प्रदान कर स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
प्रत्येक महिला को 51 हजार रुपये की लागत का एग कार्ट
योजना के अंतर्गत प्रत्येक चयनित महिला लाभुक को लगभग 51,000 रुपये की लागत से तैयार आधुनिक एग कार्ट एवं आवश्यक रसोई सामग्री निःशुल्क उपलब्ध कराई गई है। कार्ट को इस प्रकार तैयार किया गया है कि महिलाएं बाजारों, चौक-चौराहों एवं अन्य सार्वजनिक स्थलों पर आसानी से अपना व्यवसाय संचालित कर सकें। इसके माध्यम से महिलाएं अंडे एवं उनसे तैयार खाद्य पदार्थों की बिक्री कर नियमित आय अर्जित कर सकेंगी तथा अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने में योगदान दे सकेंगी।
प्रक्रिया के तहत 10 महिलाओं का किया गया चयन
एग कार्ट योजना की शुरुआत की दिशा में 14 मई 2026 को संकुल स्तरीय संघ एवं कृषक उत्पादक संगठन की बैठक में चयन प्रक्रिया और पात्रता संबंधी मानदंड निर्धारित किए गए थे। निर्णय लिया गया कि योजना का लाभ आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की उन महिलाओं को दिया जाएगा, जो स्वयं सहायता समूह की सक्रिय सदस्य हों, बाजार तक आने-जाने में सक्षम हों तथा न्यूनतम दसवीं कक्षा उत्तीर्ण हों। निर्धारित मानदंडों के आधार पर कुल 10 महिलाओं का चयन किया गया।
स्वच्छता एवं नियमित संचालन पर विशेष जोर
योजना के सफल संचालन और व्यवसाय में निरंतरता बनाए रखने के लिए संकुल स्तरीय संघ द्वारा लाभुक महिलाओं को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। इसके तहत एग कार्ट का नियमित रूप से प्रतिदिन संचालन करना, ग्राहकों को स्वच्छ एवं स्वास्थ्यकर खाद्य सामग्री उपलब्ध कराना तथा कार्ट पर किसी भी प्रकार का नशीला पदार्थ नहीं रखना अनिवार्य किया गया है। चयनित महिलाएं इन दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए अपने-अपने एग कार्ट का संचालन कर रही हैं।
प्रशिक्षण, खाद्य सुरक्षा प्रमाणन एवं उद्यम पंजीकरण की भी व्यवस्था
लाभुक महिलाओं को व्यवसाय के संचालन में दक्ष बनाने तथा उनके उद्यम को अधिक व्यवस्थित एवं पेशेवर स्वरूप प्रदान करने के उद्देश्य से प्रदान संस्था द्वारा प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त सभी चयनित महिलाओं को खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण के अंतर्गत आवश्यक खाद्य सुरक्षा प्रशिक्षण तथा उद्यम पंजीकरण की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। इससे महिलाओं को भविष्य में पात्रता के अनुसार विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं ऋण सुविधाओं का लाभ प्राप्त करने में सहायता मिलेगी। इस अवसर पर प्रदान संस्था के टीम समन्वयक हसन आदिब खान, मनीष कुमार एवं मोहम्मद शाकिब सहित अन्य संबंधित लोग उपस्थित रहे।

