घाटशिला: कल 14 नवंबर को घाटशिला विधानसभा उपचुनाव की मतगणना सुबह आठ बजे से शुरू होगी। इसके लिए सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए है। जिससे मतगणना सुचारू रूप से चल सके। पूर्वी सिंहभूम के जिला निर्वाचन अधिकारी-सह-उपायुक्त कर्ण सत्यार्थी ने बताया कि मतगणना जमशेदपुर कोऑपरेटिव कॉलेज में कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच कराई जाएगी।
19 टेबल पर 20 राउंड में की जाएगी मतगणना
उपायुक्त ने बताया कि सबसे पहले डाक मतपत्रों की गिनती होगी, इसके बाद ईवीएम की मतगणना शुरू की जाएगी। कुल 19 टेबल पर 20 राउंड में मतगणना की जाएगी, जिनमें से 15 टेबल ईवीएम और चार टेबल डाक मतपत्रों के लिए आवंटित की गई है।
शाम पांच बजे तक हो सकती है पूरी मतगणना
सत्यार्थी के अनुसार, शुरुआती रुझान सुबह नौ बजे से आने की संभावना है और पूरी मतगणना शाम पांच बजे तक हो सकती है। उन्होंने बताया कि मतगणना केंद्र पर तीन-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की गई है। केवल अधिकृत अधिकारी ही मोबाइल फोन लेकर अंदर जा सकेंगे, बाकी सभी अधिकारी व कर्मचारी के लिए मोबाइल प्रतिबंधित किया गया है।
चुनावी मैदान में कुल 13 उम्मीदवार
बता दें कि इस उपचुनाव में कुल 13 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। लेकिन जिन दो प्रत्याशियों के बीच मुकाबला कांटे की टक्कर का है, वो है झामुमो के सोमेश चंद्र सोरेन और भाजपा के बाबूलाल सोरेन के बीच माना जा रहा है। बाबूलाल सोरेन पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के पुत्र हैं, जबकि सोमेश, दिवंगत झामुमो विधायक रामदास सोरेन के बेटे हैं। रामदास सोरेन के अकस्मात् निधन के बाद यह उपचुनाव आवश्यक हो गया।
81 सदस्यीय झारखंड विधानसभा में झामुमो के पास 55 विधायक हैं, जबकि भाजपा के नेतृत्व वाले राजग के पास 24 विधायक हैं।
झामुमो और भाजपा दोनों ही अपनी-अपनी जीत को लेकर आश्वस्त हैं। झामुमो महासचिव सुप्रियो भट्टाचार्य ने दावा किया कि घाटशिला की जनता ने भाजपा को हराकर दिशोम गुरु शिबू सोरेन और पूर्व विधायक रामदास सोरेन को श्रद्धांजलि देने का मन बना लिया है।
वहीं भाजपा के प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने कहा कि सत्तारूढ़ झामुमो की हताशा अब साफ झलकने लगी है। उन्होंने कहा कि झामुमो ने इस सीट पर अपनी पूरी ताकत झोंक दी है, लेकिन जनता सरकार से नाराज है और इस बार भाजपा उम्मीदवार को भारी मतों से जिताने का मन बना चुकी है।

