
चाईबासा : पश्चिम सिंहभूम जिले के चक्रधरपुर स्थित दिल्ली पब्लिक स्कूल में सोमवार को हिंदी दिवस के अवसर पर भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय के चेयरमैन सुनील यादव, प्राचार्य रवि कांत शर्मा और उप-प्राचार्या राजश्री कुमारी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर की।
इस अवसर पर विद्यालय परिसर को आकर्षक ढंग से सजाया गया था। कार्यक्रम का संचालन छात्रा उत्कर्षा ने किया। सुबह प्रार्थना सभा में ‘इतनी शक्ति हमें देना दाता’ प्रार्थना के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। इसके बाद छात्रा आयुषी ने सभी विद्यार्थियों को देश और विद्यालय के प्रति सम्मान व कर्तव्य की शपथ दिलाई। फिर सुविचार और छात्रा सुस्मिता द्वारा देश-विदेश व खेल जगत के प्रमुख समाचारों की प्रस्तुति दी गई।
विद्यार्थियों को हिंदी पर गर्व करने और जीवन में सम्मान देने के लिए किया प्रेरित
हिंदी के महत्व पर प्रकाश डालते हुए विद्यालय की शिक्षिकाओं सिमरन, तनुजा, चायना, खुशी और राजश्री ने प्रेरणादायी व्याख्यान दिया। उन्होंने विद्यार्थियों को अपनी मातृभाषा और राष्ट्रभाषा हिंदी पर गर्व करने और इसे दैनिक जीवन में सम्मान देने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर छात्र-छात्राओं ने प्रस्तुत किए अनेक कार्यक्रम
कार्यक्रम के दौरान छोटे बच्चों ने मधुर कविताएं सुनाईं। इसके बाद छात्रा श्रेया ने हिंदी के महत्व पर प्रश्नोत्तरी की। इस अवसर पर कक्षा 7 और 8 के छात्र-छात्राओं द्वारा एक विशेष नाटक का मंचन किया गया, जिसमें हिंदी भाषा की वैज्ञानिकता, विशेषताओं और महत्व को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया। नाटक के बाद दीपिका, सोनाक्षी और आयुषी ने मधुर गीत प्रस्तुत कर दर्शकों का उत्साह बढ़ा दिया, जिससे पूरा प्रांगण तालियों से गूंज उठा।
कार्यक्रम के अंत में दीपिका ने सारगर्भित वक्तव्य देकर पूरे कार्यक्रम का निष्कर्ष प्रस्तुत किया और सभी का आभार व्यक्त किया। समापन विद्यालय कैप्टन के नेतृत्व में राष्ट्रगान के साथ हुआ।

कार्यक्रम प्रस्तुत करते स्कूल के विद्यार्थी
आयोजन को सफल बनाने में इनकी रही मुख्य भूमिका
इस आयोजन को सफल बनाने में शैक्षणिक प्रभारी सोमू चौधरी, उप शैक्षणिक प्रभारी अनीता आचार्य, रूपाली रॉय, शुभम दे, सुनैना महतो, पूजा प्रमाणिक, पूजा साव, नूतन कुमार, घनश्याम महतो, कमलजीत प्रसाद, अनिता प्रधान, उरूशा, रूना कर, मलिहा, कविता कर्मकार, अंजलि दुबे, वैभव कुमार, देव मोहंती और राहुल कुमार मिश्रा का विशेष योगदान रहा।

