
नई दिल्ली/ रांची : झारखंड में झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की संयुक्त स्नातक स्तरीय परीक्षा से जुड़ी कथित धांधली की जांच में सीआईडी ने एक और गिरफ्तारी की है। जांच एजेंसी ने मिथिलेश सिंह उर्फ आरके सिंह को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। सूत्रों के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी को इस मामले के मुख्य आरोपी बताए जा रहे अभय तिवारी का करीबी बताया जा रहा है। परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच के दौरान सीआईडी के सामने मिथिलेश सिंह का नाम सामने आया था।
दिल्ली से रांची ला रही पुलिस
बताया जा रहा है कि मिथिलेश सिंह परीक्षा संचालन से जुड़ी आईसीएन इंडिया एजेंसी से संबद्ध था। जांच में उसकी भूमिका को प्रश्नपत्र से जुड़ी कथित अनियमितताओं और परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ी से जोड़कर देखा जा रहा है। गिरफ्तारी के बाद सीआईडी उसे दिल्ली से रांची ला रही है। रांची लाए जाने के बाद यहां उससे परीक्षा में गड़बड़ी मामले में पूछताछ की जाएगी।
JSSC-CGL प्रश्नपत्र लीक मामले में भूमिका का आरोप
सूत्रों के अनुसार मिथिलेश सिंह पर झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की संयुक्त स्नातक स्तरीय परीक्षा के प्रश्नपत्र से जुड़ी कथित गड़बड़ी में भूमिका होने का आरोप है। जांच के दौरान उसकी भूमिका को कथित प्रश्नपत्र लीक और परीक्षा प्रक्रिया में अनियमितता से जोड़कर देखा जा रहा है। उस पर झारखंड लोक सेवा आयोग के अभ्यर्थियों की उत्तर पुस्तिकाएं आयोग से बाहर निकलवाकर कथित तौर पर लिखवाने का भी आरोप लगाया गया है।
परीक्षा में गड़बड़ी करनेवाले नेटवर्क से जुड़ाव की है आशंका
इसके अलावा सीआईडी इस पूरे मामले में परीक्षा संचालन से जुड़ी विभिन्न कंपनियों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही है। जांच में कथित तौर पर यह सामने आने की बात कही जा रही है कि अलग-अलग एजेंसियों के माध्यम से परीक्षा प्रक्रिया में गड़बड़ी कर कुछ अभ्यर्थियों को अनुचित लाभ पहुंचाया जाता था। इस अनुचित तरीके से लाभ पहुंचाने के नेटवर्क में मिथिलेश सिंह के भी शामिल होने की बात सामने आई है।
पहले भी लग चुके हैं आरोप
सूत्रों के मुताबिक, मिथिलेश सिंह का नाम इससे पहले भी प्रश्नपत्र लीक और परीक्षा से जुड़ी कथित अनियमितताओं के मामलों में सामने आ चुका है। सीआईडी की कार्रवाई को परीक्षा धांधली मामले में जांच की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। एजेंसी कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और परीक्षा संचालन की प्रक्रिया में शामिल संस्थाओं की भूमिका की भी जांच कर रही है।
छात्रों का आंदोलन 21वें दिन भी जारी
यहां बता दें कि, परीक्षा में कथित धांधली के खिलाफ छात्रों का आंदोलन शुक्रवार को 21वें दिन भी जारी रहा। छात्र जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में धरने पर बैठे हैं। आंदोलनकारी छात्रों का कहना है कि केवल मौखिक आश्वासन से उनकी मांग पूरी नहीं होगी। वे झारखंड लोक सेवा आयोग की 14वीं प्रारंभिक परीक्षा को रद्द करने के संबंध में लिखित आदेश और आधिकारिक अधिसूचना जारी करने की मांग कर रहे हैं।


