Ranchi: गोपनीय दस्तावेज़ लीक प्रकरण में विधायक सरयू राय के खिलाफ पीड़कतक कार्रवाई करने पर लगी रोक हटा ली गयी है। झारखंड हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति अनिल कुमार चौधरी की पीठ ने सरयू राय द्वारा समय विस्तार मांगे जाने पर 25 मार्च 2025 को पारित अंतिम आदेश को रद्द कर दिया। अदालत ने उन्हें अपना पक्ष रखने के लिए आखिरी मौका देते हुए मामले की अगली सुनवाई एक सप्ताह बाद निर्धारित कर दी है। उल्लेखनीय है कि स्वास्थ्य विभाग के अवर सचिव ने मई 2022 में डोरंडा थाना में सरयू राय के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी, जिस पर हाई कोर्ट ने पहले उन्हें अंतरिम राहत दी थी।
मामले के अनुसार, रांची स्थित सांसद/विधायक विशेष अदालत ने स्वास्थ्य चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग के गोपनीय पत्रों की कथित चोरी और आपराधिक साजिश के आरोपों पर दायर आरोप पत्र का संज्ञान लेकर समन जारी किया था। इस आरोप पत्र में कई वरिष्ठ अधिकारियों के नाम भी शामिल हैं। सरयू राय ने इस आदेश और दर्ज प्राथमिकी को हाई कोर्ट में चुनौती देते हुए निरस्त करने की मांग की थी।
राज्य सतर्कता ब्यूरो की जांच पूरी होने के बाद पुलिस उपाधीक्षक नंदन श्रीवास्तव ने करीब छह वर्ष बाद अदालत में 120बी और गोपनीय दस्तावेज़ लीक से संबंधित प्रावधानों के तहत आरोप पत्र दाखिल किया था। आरोप है कि सरयू राय ने स्वास्थ्य विभाग के गोपनीय दस्तावेज़ प्राप्त कर प्रेस कॉन्फ्रेंस में कोरोना काल के खर्चों से जुड़ी जानकारी सार्वजनिक की थी, जिसके बाद विभाग ने उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।

