स्पेशल डेस्क : अयोध्या में श्रीरामलला के मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा का बेसब्री से इंतजार कर रहे राम भक्तो का इंतजार अब खत्म होने वाला है क्योंकि भगवान श्रीराम का स्वागत उनकी नगरी पर करने के लिए तैयारियां जोरो पर हैं। बता दे की श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा 22 जनवरी 2024 को होने वाली है और इसका उद्घाटन भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी करने वाले हैं। वहीं इस शुभ अवसर पर अयोध्या में भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इस कार्यक्रम में विदेशी महासागर से लेकर अन्य धरतियों के कलाकारों का भी पूरे आदर के साथ अभिनंदन किया जाएगा।
नौ दशक बाद भगवान श्रीराम की मूर्ति की होगी प्राणप्रतिष्ठा
अयोध्या में होने वाले श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम का आयोजन हिंदुत्व और सांस्कृतिक समृद्धि की दिशा में एक महत्वपूर्ण पर्व है। 22 जनवरी 2024 को होने वाले इस अद्वितीय कार्यक्रम में भारत के नौ दशकों बाद अपने आराध्य भगवान श्रीराम की मूर्ति को प्राणप्रतिष्ठा का समर्थन करने के लिए 14 से अधिक देशों के कलाकार भाग लेंगे। कुल मिलाकर यह अनुष्ठान और कार्यक्रम अद्वितीय होनेवाला है जिसे पूरी दुनिया देखेगी।
दुबई, इजरायल, अफगानिस्तान, पाकिस्तान के भी होंगे कलाकार
श्रीरामलला की प्राण प्रतिष्ठा को और अद्वितीय बनाने के लिए विदेशी भूमि से जन्मे कलाकारों की महक से भरी 14 से अधिक देशों की भव्य टीम श्रीरामलीला का मंचन करेगी। यह विविधता और सांस्कृतिक समृद्धि का संदेश साझा करेगी।17 से 22 जनवरी 2024 के बीच होने वाले इस मंचन में रूस, मलेशिया, अमेरिका, लंदन, दुबई, इजरायल, अफगानिस्तान, जापान, चीन, जर्मनी, थाईलैंड, इंडोनेशिया, बांग्लादेश, पाकिस्तान के कलाकार शामिल होंगे। इन कलाकारों की कला से नहीं सिर्फ उनके देशों की सांस्कृतिक विविधता को भी अयोध्या में महसूस किया जाएगा बल्कि वह इस कार्यक्रम में चार चांद लगाने का काम करेंगे।
सांस्कृतिक भिन्नता और एकता का दिया जाएगा संदेश
श्रीरामलीला मंचन के अवसर पर आने वाले कलाकारों की दुनियाभर से सांस्कृतिक भिन्नता और एकता का संदेश दिया जाएगा। इसके साथ ही, आयोध्या को एक साझा सांस्कृतिक विरासत बनाए रखने के लिए सहयोग और समर्थन का संकेत भी होगा। पदाधिकारियों और राज्य सरकार के मंत्रियों का सानिध्य होगा। बताया गया है कि श्रीरामलला के भव्य प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में राज्य के मंत्री और अन्य राज्यों के कई मंत्रियों को न्योता दिया जा रहा है।
वैश्विक सांस्कृतिक केंद्र बनेगी अयोध्या
इस भव्य समारोह से आयोध्या को विश्व में एक सांस्कृतिक और धार्मिक गौरव स्थल के रूप में मजबूती मिलेगी। यह आयोध्या की श्रीरामलीला को विश्व की सबसे बड़ी और समृद्धिशील श्रीरामलीला बनाए रखने में हर कोशिश की जा रही है। जानकारी के मुताबिक, देश विदेश से आए कलाकारों के ठहरने की व्यवस्था लखनऊ में की गई है।

