रांची : झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए रेवंत रेड्डी से आग्रह किया है कि वे श्रीशैलम सुरंग नहर परियोजना के निर्माणाधीन खंड की छत का एक हिस्सा ढह जाने के बाद उसमें फंसे श्रमिकों को बचाने के लिए हरसंभव मदद प्रदान करें। इस हादसे में आठ श्रमिक फंसे हैं, जिनमें से चार श्रमिक झारखंड के निवासी हैं।
सुरंग हादसा और झारखंड के श्रमिकों की स्थिति
तेलंगाना के नागरकुरनूल जिले में स्थित श्रीशैलम सुरंग नहर परियोजना के निर्माणाधीन खंड की छत ढहने से आठ श्रमिक फंसे गए हैं। इसमें चार श्रमिक गुमला जिले के हैं। यह घटना शनिवार को हुई और इसके बाद झारखंड सरकार ने तुरंत तेलंगाना सरकार के साथ समन्वय स्थापित किया है। अधिकारियों का कहना है कि झारखंड श्रम विभाग ने फंसे हुए श्रमिकों के परिवारों से संपर्क करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है और राज्य प्रवासी नियंत्रण कक्ष भी इस मामले में तेलंगाना सरकार के संपर्क में है।
सोरेन की संवेदनशील अपील
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट ‘एक्स’ पर इस घटना को लेकर संवेदनाएं व्यक्त करते हुए लिखा, “तेलंगाना के नागरकुरनूल जिले में ‘श्रीशैलम लेफ्ट बैंक कैनाल टनल’ में फंसे श्रमिकों के बारे में जानकर मन दुखी हुआ। तेलंगाना के माननीय मुख्यमंत्री से अनुरोध है कि वे सुरंग में फंसे श्रमिकों को बचाने के लिए हरसंभव मदद दें। मैं हादसे में फंसे सभी श्रमिकों की सलामती की कामना करता हूं।” उन्होंने कहा कि झारखंड सरकार तेलंगाना सरकार के साथ मिलकर हर पल की जानकारी ले रही है और फंसे हुए श्रमिकों की मदद के लिए तैयार है।

