Home » RANCHI RIMS NEWS: रिम्स में सीएसएसडी कर्मियों की हड़ताल से ऑपरेशन ठप, मरीजों की बढ़ी परेशानी

RANCHI RIMS NEWS: रिम्स में सीएसएसडी कर्मियों की हड़ताल से ऑपरेशन ठप, मरीजों की बढ़ी परेशानी

by Vivek Sharma
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

रांची: रिम्स रांची में मंगलवार को सीएसएसडी कर्मियों ने हड़ताल कर दी। इस दौरान रिम्स में पहले से निर्धारित दर्जनों मरीजों के ऑपरेशन टाल दिए गए। हड़ताल के कारण मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। चूंकि लंबे समय के बाद मरीजों के ऑपरेशन के लिए शेड्यूल निर्धारित किया गया था। 

सीएसएसडी का ये है काम

सीएसएसडी विभाग ऑपरेशन में इस्तेमाल होने वाले औजारों और उपकरणों की सफाई और स्टेरिलाइजेशन करता है। इसके अलावा मरीजों को दिए जाने वाले लिनेन भी वहीं साफ किए जाते हैं। इस विभाग के ठप हो जाने से पूरे अस्पताल की सर्जिकल सेवाएं प्रभावित हो गईं। डॉक्टरों द्वारा पहले से सभी विभागों में ऑपरेशन की तैयारी कर ली गई थी और मरीजों को उनकी निर्धारित तिथि पर बुलाया गया था। लेकिन सीएसएसडी कर्मियों ने काम करने से इनकार कर दिया, जिससे ऑपरेशन थिएटरों में जरूरी उपकरण उपलब्ध नहीं हो सके और कई ऑपरेशन स्थगित कर दिए गए।

छह महीने से वेतन नहीं मिलने से नाराज 

सीएसएसडी कर्मचारियों ने पूर्व में दिए गए सूचना पर हड़ताल की है। कर्मियों ने बताया कि वे लगातार प्रबंधन से अपनी मांगों को लेकर संपर्क कर रहे थे, लेकिन उनकी बातों पर ध्यान नहीं दिया गया। दस दिन पहले ही उन्होंने अस्पताल प्रशासन को पत्र लिखकर चेतावनी दी थी कि यदि समय पर भुगतान नहीं किया गया तो वे काम बंद कर देंगे। इसके बाद भी उनके वेतन भुगतान को लेकर प्रबंधन ने गंभीरता नहीं दिखाई। हड़ताल पर जाने के बाद प्रबंधन की ओर से वार्ता के लिए अधिकारी पहुंचे। लेकिन वार्ता विफल रही। प्रबंधन हरकत में आया और कर्मियों से काम पर लौटने की अपील की। 

ओटी के बाहर मरीज रहे परेशान

ऑपरेशन के इंतजार में मरीज और उनके परिजन ऑपरेशन थिएटर के बाहर घंटों खड़े रहे। कई मरीज जो दूसरे जगह से इलाज के लिए आए थे, उन्हें बिना ऑपरेशन के लौटना पड़ा। हृदय रोगियों की भी कई जरूरी जांचें नहीं हो सकीं, क्योंकि उनमें भी सीएसएसडी की सेवाएं आवश्यक होती हैं। इससे न केवल मरीजों की सेहत पर असर पड़ा।

मेडिलैब को सीएसएसडी का जिम्मा

हॉस्पिटल में सीएसएसडी के संचालन का जिम्मा रिम्स ने मेडिलैब को दे रखा है। लेकिन एजेंसी कर्मियों को पेमेंट नहीं दे रही थी। 6 महीने बाद कर्मियों के सब्र का बांध टूट गया। कर्मियों का कहना था अब तो खाने के भी लाले पड़ गए हैं। ऐसे में घर चलाना मुश्किल हो रखा है। वहीं बच्चों के स्कूल की फीस भी नहीं भर पा रहे हैं। इस बीच प्रबंधन ने एजेंसी को कर्मियों का भुगतान करने को कहा और काम पर लौटने को कहा। लेकिन कर्मी अपनी मांग पर अड़े थे कि जबतक पेमेंट नहीं मिलेगा काम शुरू नहीं करेंगे। 

इस मामले में रिम्स के पीआरओ डॉ राजीव रंजन ने कहा कि सीएसएसडी कर्मियों से वार्ता हुई है। उन्होंने काम पर लौटने की बात कही है। जहां तक ऑपरेशन टलने की बात है तो काम प्रभावित हुआ था। फिर से काम शुरू कर दिया गया होगा। 

Related Articles