
दुमका : दुमका-भागलपुर स्टेट हाईवे पर गुरुवार देर रात हुए सड़क हादसे में बाइक सवार दो युवकों की मौत हो गई। रामगढ़ थाना क्षेत्र के सहेजना गांव के पास सड़क किनारे खड़े ट्रक से तेज रफ्तार बाइक टकरा गई। हादसे के बाद ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया और उन्होंने सड़क जाम कर पुलिस को शव उठाने से रोक दिया। ग्रामीणों ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और मृतकों के परिजनों को उचित मुआवजा देने की मांग की। पुलिस ने मामला दर्ज कर दुर्घटना के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
सहेजना गांव के पास हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, हादसा गुरुवार रात करीब 10:45 बजे रामगढ़ थाना क्षेत्र के सहेजना गांव के समीप हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि एक ट्रक सड़क किनारे खड़ा था और चालक तथा खलासी उसके पास भोजन बनाने की तैयारी कर रहे थे। इसी दौरान नोनीहाट की ओर से आ रही तेज रफ्तार बाइक अनियंत्रित होकर ट्रक के पिछले हिस्से से टकरा गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और दोनों युवक गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े।
एक की मौके पर मौत, दूसरे ने अस्पताल के रास्ते में तोड़ा दम
दुर्घटना में करेली मोड़ निवासी गौरी शंकर मांझी के 25 वर्षीय पुत्र करण कुमार मांझी की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वहीं, सरंगपानी गांव निवासी स्वर्गीय भैरव लायक के 25 वर्षीय पुत्र अजय कुमार लायक को गंभीर हालत में फूलो-झानो मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, दुमका ले जाया जा रहा था, लेकिन रास्ते में ही उन्होंने दम तोड़ दिया।
आक्रोशित ग्रामीणों ने किया सड़क जाम
घटना की सूचना मिलते ही रामगढ़ थाना पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन ग्रामीणों ने सड़क जाम कर पुलिस को शव हटाने से रोक दिया। ग्रामीणों का कहना था कि जब तक दुर्घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई और पीड़ित परिवारों को मुआवजा देने का आश्वासन नहीं दिया जाएगा, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। जाम के कारण स्टेट हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
पुलिस ने शुरू की जांच
रामगढ़ थाना के पुलिस अवर निरीक्षक रमेश भगत ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस घटनास्थल पर पहुंची थी। घायल युवक को तत्काल अस्पताल भेजा गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। पुलिस ट्रक चालक, वाहन और दुर्घटना से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
अक्सर हादसे का कारण बन रहे सड़क किनारे खड़े वाहन
ग्रामीणों का आरोप है कि सहेजना गांव के पास रात के समय अक्सर भारी वाहन सड़क किनारे खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। उन्होंने प्रशासन से सड़क किनारे अनियमित रूप से वाहन खड़े करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई, नियमित पुलिस गश्त, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था और यातायात नियमों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने की मांग की है।

