
जमशेदपुर: लौहनगरी स्थित अरका जैन यूनिवर्सिटी में गांधी व शास्त्री जयंती सप्ताह तथा नवरात्रि के पावन अवसर पर दो दिवसीय सांस्कृतिक महाकुंभ “नवोत्सव 2026” धूमधाम से संपन्न हुआ। शक्ति और भारतीय संस्कृति की थीम पर आयोजित इस महोत्सव में भारतीय ज्ञान परंपरा की अनूठी छटा देखने को मिली। डांडिया की गूंजती थाप पर पूरा परिसर झूम उठा और विद्यार्थियों ने अपनी कला व रचनात्मक प्रतिभा से समां बांध दिया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मैनेजमेंट बोर्ड के चेयरमैन प्रो. (डॉ.) एसएस रजी ने विद्यार्थियों को नवरात्रि की बधाई दी। उन्होंने कहा कि मां दुर्गा सभी को शक्ति और सद्बुद्धि प्रदान करें। हमारी सांस्कृतिक विरासत हमारी सबसे बड़ी पहचान है, इसलिए आधुनिक शिक्षा के साथ-साथ युवाओं को अपनी परंपराओं और जड़ों से जुड़ना चाहिए।
प्रति-कुलपति प्रो. (डॉ.) अंगद तिवारी ने छात्रों का हौसला बढ़ाते हुए कहा कि नवरात्रि नारी शक्ति का प्रतीक है और ऐसे उत्सव विद्यार्थियों में सकारात्मक ऊर्जा, अनुशासन और रचनात्मकता का संचार करते हैं। वहीं निदेशक सह कुलसचिव डॉ. अमित कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि सामूहिक भागीदारी से नेतृत्व क्षमता और टीम भावना निखरती है। इस मौके पर डिप्टी रजिस्ट्रार डॉ. जसबीर धंजल, विभिन्न संकायों के डीन, विभागाध्यक्ष व प्राध्यापक मौजूद रहे।

13 स्पर्धाओं में प्रतिभा का प्रदर्शन, विजेताओं को मिले प्रशस्ति पत्र
महोत्सव के दौरान कुल 13 विभिन्न प्रतियोगिताएं आयोजित हुईं। शास्त्रीय और लोक नृत्य के साथ-साथ एकल व युगल गायन और बैंड प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। रंगारंग फैशन शो के जरिए ‘मिस्टर और मिस नवोत्सव’ का चयन किया गया, जबकि मिमिक्री और माइम ने दर्शकों को खूब हंसाया। फाइन आर्ट्स में छात्र-छात्राओं ने पेंटिंग, टेराकोटा, पोस्टर मेकिंग, फेस पेंटिंग और मेहंदी प्रतियोगिता में कलात्मक कल्पना के रंग भरे।
डिजिटल मीडिया स्पर्धाओं के तहत मोबाइल फोटोग्राफी, शॉर्ट फिल्म, विज्ञापन और रील्स निर्माण में छात्रों का तकनीकी कौशल झलका। 15 अक्टूबर को सजे लजीज फूड स्टॉल्स और गेम स्टॉल्स पर छात्रों ने जमकर मस्ती की। अंत में केंद्रीय कोर कमेटी और निर्णायक मंडल द्वारा तय मानकों के आधार पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विजेताओं को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया।

