
रांची : थैलेसीमिया, सिकल सेल एनीमिया और गंभीर एनीमिया से पीड़ित मरीजों को अब सरकारी अस्पतालों के साथ आयुष्मान योजना के तहत सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में भी निःशुल्क रक्त चढ़ाने की सुविधा मिलेगी। आयुष्मान भारत और अबुआ स्वास्थ्य कार्ड के लाभुकों को निर्धारित पैकेज के तहत यह सुविधा दी जायेगी। स्वास्थ्य विभाग ने इसके लिए अलग-अलग पैकेज और दरें निर्धारित की हैं।
सिकल सेल एनीमिया के मरीजों के लिए रूटीन वार्ड का पैकेज 2,100 रुपये, एचडीयू का 3,300 रुपये, बिना वेंटिलेटर आईसीयू का 8,500 रुपये और वेंटिलेटर सहित आईसीयू का 9,000 रुपये निर्धारित किया गया है। थैलेसीमिया मरीजों के लिए रक्त चढ़ाने के साथ आवश्यक जांच और आयरन चिलेशन की दवाओं को भी कुछ पैकेज में शामिल किया गया है। इन पैकेजों की दर 2,300 से 3,200 रुपये तक है। बच्चों में गंभीर एनीमिया यानी थैलेसीमिया के लिए पैकेज की दर 2,300 से 3,000 रुपये तक रखी गयी है।
सामान्य गंभीर एनीमिया के लिए भी रूटीन वार्ड से लेकर आईसीयू तक 2,100 से 9,000 रुपये तक के पैकेज तय किये गये हैं। एप्लास्टिक एनीमिया के लिए पांच लाख रुपये तक का पैकेज निर्धारित किया गया है।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि थैलेसीमिया और सिकल सेल मरीजों को नियमित रूप से रक्त की जरूरत पड़ती है। सूचीबद्ध निजी अस्पतालों में सुविधा मिलने से मरीजों को दूर के अस्पतालों में जाने की जरूरत कम होगी। सरकार स्क्रीनिंग और जांच का दायरा भी बढ़ायेगी।
अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने कहा कि निर्धारित पैकेज के माध्यम से मरीजों को अपने जिले या नजदीकी सूचीबद्ध निजी अस्पताल में ही रक्त चढ़ाने की सुविधा मिल सकेगी। इससे मरीजों और परिजनों के समय तथा आने-जाने के खर्च में कमी आयेगी। झारखंड स्टेट आरोग्य सोसाइटी के कार्यकारी निदेशक शशि प्रकाश सिंह ने इसे गरीब और जरूरतमंद मरीजों के लिए राहत वाली व्यवस्था बताया।

