रांची : झारखंड में स्वास्थ्य व्यवस्था को और बेहतर बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के तहत राज्य में 151 विशेषज्ञ चिकित्सकों के चयन को अंतिम रूप दे दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से चयनित डॉक्टरों की सूची जारी कर दी गई है। माना जा रहा है कि जल्द ही इन चिकित्सकों को नियुक्ति पत्र जारी करते हुए विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों में पदस्थापित किया जाएगा।
जानकारी के अनुसार विशेषज्ञ चिकित्सकों का चयन टेंडर प्रक्रिया के माध्यम से किया गया है। डॉक्टरों की नियुक्ति उनके द्वारा दिए गए अस्पतालों के विकल्प और तय मानदेय के आधार पर की गई है। विभाग ने अधिकतम तीन लाख रुपये तक मासिक मानदेय निर्धारित किया है। इन चिकित्सकों की सेवाएं अनुबंध के आधार पर ली जाएंगी।
दो बार नियुक्ति मिलने के बाद भी इस्तीफा देने वाले होंगे ब्लैकलिस्ट
स्वास्थ्य विभाग को पहले ऐसे मामले भी मिले हैं, जिनमें टेंडर के जरिए बहाल कुछ डॉक्टर नियुक्ति पत्र लेने के बाद नौकरी छोड़ चुके हैं। इसे गंभीरता से लेते हुए विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह ने निर्देश दिया है कि जो चिकित्सक दो बार नियुक्ति मिलने के बाद भी इस्तीफा देते हैं, उन्हें ब्लैकलिस्ट किया जाए।
इधर, विभागीय स्तर पर प्रशासनिक जिम्मेदारियों में भी बदलाव किया गया है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य अभियान के अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा को अतिरिक्त जिम्मेदारी देते हुए आयुष निदेशक का प्रभार सौंपा गया है। वहीं, विभाग के अपर सचिव विद्यानंद शर्मा पंकज को झारखंड मेडिकल एंड हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट एंड प्रोक्योरमेंट कॉरपोरेशन के प्रबंध निदेशक का अतिरिक्त दायित्व दिया गया है। स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी की मंजूरी के बाद विभाग ने इससे संबंधित आदेश जारी कर दिया है।

