
Jamshedpur : बिष्टुपुर में डबल डाउन बार में खूनी संघर्ष के बाद बाहर के बाहर आदित्यपुर के हरि ओम नगर के रहने वाले हिमांशु की हत्या कर दी गई थी। हिमांशु के पिता अरविंद सिंह के बयान पर पुलिस ने इस मामले में बार के मालिक भाजपा नेता नीरज सिंह और बार के मैनेजर विजय कुमार समेत 10 लोगों पर एफआईआर दर्ज कराई थी। इस मामले में अभी तक भाजपा नेता नीरज सिंह और बार के मैनेजर विजय कुमार फरार हैं। पुलिस ने पांच लोगों को पकड़ा है, जिनमें तीन नाबालिग और दो युवक हैं। दोनों आरोपी युवकों को जेल भेज दिया गया है। जबकि, नाबालिगों को बाल सुधार गृह भेजा गया है। अब इस मामले में राजनीति शुरू हो गई है।
घटनास्थल भाजपा के वरिष्ठ नेता नीरज सिंह का डबल डाउन बार के अंदर और बाहर का इलाका है। पुलिस भाजपा नेता को इस मामले में नहीं घसीट रही है। मृतक हिमांशु के पिता ने भाजपा नेता नीरज सिंह और उनके मैनेजर विजय को भी इस मामले का आरोपी बनाया है। पुलिस की जांच में पता चला है कि विजय घटनास्थल पर मौजूद था। मृतक के पिता अरविंद सिंह ने थाने में एफआईआर दर्ज करने के लिए जो आवेदन दिया, उसमें कहा गया है कि पूरी घटना से ऐसा लगता है कि बार प्रबंधन अपराधियों से मिला हुआ था। अपराधी जब हत्या की घटना को अंजाम दे रहे थे, हिमांशु और प्रत्यूष पर कातिलाना हमला हो रहा था, तो बार के बाउंसर चुपचाप खड़े हुए थे।
पीड़ित पिता के आवेदन पर पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। जब तक हिमांशु का अंतिम संस्कार नहीं हुआ था, तब तक सभी पार्टी के लोग एकजुट होकर इस घटना को नृशंस हत्या बता रहे थे और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की जा रही थी।
हिमांशु के अंतिम संस्कार के बाद भाजपा ने पलटी मारी है। अब भाजपा नेता नीरज सिंह को बचाने में जुट गए हैं। नीरज सिंह के घर पुलिस ने बुधवार की रात छापेमारी की थी। अब भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू कह रहे हैं कि पुलिस नीरज सिंह को परेशान कर रही है। पुलिस जानबूझकर नीरज सिंह का नाम इस मामले में घसीट रही है। जबकि जानकार बताते हैं कि
सच्चाई यह है कि मृतक हिमांशु के पिता ने भाजपा नेता नीरज सिंह के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है। इसी के चलते पुलिस उनके यहां छापेमारी कर उनकी गिरफ्तारी का प्रयास कर रही है।
दूसरी तरफ झामुमो नेता प्रमोद लाल इस पूरे मामले में भाजपा नेता नीरज सिंह को ही दोषी मानते हैं। उनका कहना है कि डबल डाउन बार और कैफे को बार का लाइसेंस दिया गया था। वहां डांसर बुलाने का लाइसेंस नहीं था। अवैध तरीके से वहां डांस पार्टी चलती थी। इसी के चलते यह झगड़ा हुआ और हत्या की यह घटना अंजाम दी गई। झामुमो नेता प्रमोद लाल कहते हैं कि इस मामले में भाजपा नेता नीरज सिंह पूरे मामले के केंद्र में है। क्योंकि उनके बार से खूनी संघर्ष की शुरुआत हुई और उनके बार के सामने ही घटना को अंजाम दिया गया। वह सवाल उठाते हैं कि भाजपा क्यों अपने आरोपी नेता को बचाने में जुटी है।
दूसरी तरफ, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने हिमांशु सिंह हत्याकांड की जांच को लेकर झारखंड सरकार और पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। रांची में प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में आदित्य साहू ने कहा कि पुलिस को चाहिए कि उन पुलिसकर्मियों पर भी हत्या का मुकदमा दर्ज करे जो घटनास्थल के पास मौजूद थे।
आदित्य साहू ने आरोप लगाया कि पुलिस ने नीरज सिंह की दो गाड़ियों को जब्त किया है, तथा उनके परिवार, विशेषकर पत्नी को प्रताड़ित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि किसी व्यक्ति के साथ अन्याय करना उचित नहीं है और भाजपा किसी भी प्रकार की ज्यादती का समर्थन नहीं करेगी।
आदित्य साहू ने कहा कि घटना के दौरान हिमांशु सिंह अपनी जान बचाने के लिए पुलिस वाहन में घुस गए थे, लेकिन हमलावर उन्हें पुलिस के सामने ही वाहन से खींचकर बाहर ले गए और सड़क पर उनकी हत्या कर दी। उन्होंने कहा कि इस घटना ने झारखंड की कानून-व्यवस्था और पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रेसवार्ता में प्रदेश मीडिया प्रभारी योगेंद्र प्रताप सिंह, प्रदेश प्रवक्ता अजय साह, शोभा यादव और संदीप वर्मा भी उपस्थित रहे।

