
jamshedpur : टाटा मोटर्स कान्वाई चालकों को चेचिस ले जाने के क्रम में मौत होने पर अब 15 लाख का मेडिक्लेम मिलेगा। इसे लेकर हजारों कंवाई चालकों में खुशी का माहौल है। मेडिक्लेम इंश्योरेंस को लेकर कन्वाई चालक सालों से आंदोलनरत थे। कितने चालकों की मौत चेचिस ले जाने के क्रम में हो गई लेकिन उन्हें कुछ नहीं मिला। लेकिन अब ऑल इंडिया कॉन्वाई वर्कर्स इंडियन का प्रयास और चालकों का मेहनत रंग लाया है। कंपनी प्रबंधन मेडिक्लेम इंश्योरेंस करने को मजबूर हो गया है।
पहले क्रम में 550 चालकों का इंश्योरेंस बनकर तैयार हो गया, शेष चालकों के लिए यूनियन प्रयासरत है।टाटा मोटर्स पूर्व में 550 कन्वाई चालकों के लिए इंश्योरेंस का ड्राइव लगाया गया था। मार्च 26 में उनका पॉलिसी बनकर तैयार हो गया और वह टाटा मोटर्स प्रबंधन को मिला। जो आज शुक्रवार को टाटा मोटर्स के डीजीएम अमित सिन्हा एवं टीटीसीए के सीईओ डॉ जेपी सिंह, ट्रांसपोर्ट के प्रताप चंद शुक्ला और जेपी गौंड के द्वारा यूनियन महामंत्री जय नारायण सिंह, उपाध्यक्ष सुदामा यादव को उसकी कॉपी उपलब्ध कराई गई। जिसमें चालकों को कई तरह का बेनिफिट्स दिया गया है।
अब चालकों को इंश्योरेंस का यह मिलेगा लाभ
इसमें चेसिस ले जाने के क्रम में दुर्घटना मृत्यु पर 15 लाख रुपया तथा दुर्घटना होने पर हाथ पैर टूटने पर 100000 और ओपीडी के तहत 30000 का भुगतान भी इंश्योरेंस की तरफ से किया जाएगा। यह एक पोस्टल विभाग की पॉलिसी है और इसका क्लेम किसी भी पोस्ट ऑफिस में किया जा सकेगा। इस पर प्रसन्नता जाहिर करते हुए ऑल इंडिया वर्कर्स यूनियन के महामंत्री जय नारायण सिंह उर्फ साधु ने कहा है कि हम प्रबंधन से मांग करते हैं कि ऐसे ही इंश्योरेंस का ड्राइव चला कर दूसरे चरण में और 500 का कनवाई चालकों का इंश्योरेंस कराया जाए।
यह चालकों के लिए काफी लाभदायक है। इसके लिए हमारी यूनियन टाटा मोटर्स प्रबंधन को बधाई देती है ।

