
रांची : झारखंड की राजधानी रांची के धुर्वा डैम इलाके की तस्वीर बदलने की तैयारी शुरू हो गई है। रोड कंस्ट्रक्शन डिपार्टमेंट तीन महत्वपूर्ण सड़कों की विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार करा रहा है। इनमें धुर्वा डैम के चारों ओर करीब पांच किलोमीटर की परिधीय सड़क, होसिर से पिठोरिया-मेसरा रोड तक 5.20 किलोमीटर संपर्क मार्ग और धुर्वा पोस्ट ऑफिस से सिठिया रिंग रोड सदकानाडू तक करीब पांच किलोमीटर सड़क को फोरलेन करने की योजना शामिल है। इंजीनियरों के अनुसार, इन तीनों मार्गों के विकसित होने से धुर्वा क्षेत्र की कनेक्टिविटी मजबूत होगी और डैम के आसपास बढ़ने वाली आवाजाही को बेहतर तरीके से संभालने में मदद मिकलेगी।
धुर्वा डैम पहले से ही राजधानी के लोगों के घूमने-फिरने के प्रमुख स्थलों में शामिल है। सामान्य दिनों में भी लोग डैम का नजारा देखने पहुंचते हैं, जबकि नये साल के मौके पर यहां लोगों की भीड़ बढ़ जाती है। झारखंड पर्यटन विभाग भी हटिया डैम को प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में सूचीबद्ध करता है। ऐसे में प्रस्तावित परिधीय सड़क को केवल आवागमन की सुविधा के रूप में नहीं, बल्कि भविष्य में डैम क्षेत्र को व्यवस्थित पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की आधारभूत संरचना के तौर पर भी देखा जा रहा है।
डैम के चारों ओर सड़क, पैदल और साइकिल के लिए अलग जगह
धुर्वा डैम की करीब पांच किलोमीटर परिधि में बनने वाली सड़क में साइकिल ट्रैक, फुटपाथ, ग्रीन वर्ज और सोलर लाइट का प्रावधान किया जा रहा है। सड़क के साथ सोलर रूफ भी प्रस्तावित है। इससे डैम के आसपास पैदल घूमने और साइकिल से आने-जाने वालों को अलग जगह मिल सकेगी।
पर्यटन के लिहाज से यह व्यवस्था महत्वपूर्ण होगी। भविष्य में यदि यहां बैठने की जगह, व्यवस्थित पार्किंग, पेयजल, शौचालय, साफ-सफाई और अन्य पर्यटक सुविधाएं विकसित की जाती हैं, तो डैम क्षेत्र को अधिक व्यवस्थित तरीके से इस्तेमाल किया जा सकेगा। साथ ही भीड़ बढ़ने की स्थिति में सुरक्षा और ट्रैफिक प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान देना होगा।
होसिर-पिठोरिया मार्ग से कई इलाकों को कनेक्टिविटी
दूसरी सड़क होसिर स्थित डॉ. बीआर आंबेडकर चौक से पिठोरिया-मेसरा रोड तक होगी। करीब 5.20 किलोमीटर का यह मार्ग एकंबा, राल और सदकानाडू होते हुए जुड़ेगा। इस सड़क का उद्देश्य आसपास के क्षेत्रों को सीधे बेहतर सड़क संपर्क देना है। इससे स्थानीय आवागमन के साथ पिठोरिया-मेसरा की ओर जाने वाले यातायात को वैकल्पिक संपर्क मिल सकता है।
धुर्वा से सिठिया तक फोरलेन, बढ़ते ट्रैफिक को मिलेगी जगह
तीसरी और अहम योजना धुर्वा पोस्ट ऑफिस से सिठिया रिंग रोड सदकानाडू तक करीब पांच किलोमीटर सड़क को फोरलेन करने की है। फोरलेन होने से मौजूदा दो-तरफा सड़क की तुलना में वाहनों के लिए अधिक क्षमता उपलब्ध होगी। इससे आम दिनों में ट्रैफिक संचालन आसान होने के साथ डैम क्षेत्र में किसी खास मौके पर बढ़ने वाले वाहनों के दबाव को संभालने में मदद मिल सकती है।
इस मार्ग का महत्व इसलिए भी है कि यह धुर्वा क्षेत्र को रिंग रोड की ओर बेहतर संपर्क देगा। भविष्य में डैम क्षेत्र में पर्यटकीय गतिविधियां बढ़ती हैं, तो आने-जाने वाले वाहनों के लिए यह कनेक्टिविटी उपयोगी हो सकती है।
सुरक्षा व्यवस्था भी जरूरी
डैम क्षेत्र में पर्यटकों की संख्या बढ़ने के साथ सुरक्षा को भी विकास योजना का हिस्सा बनाना होगा। खासकर नये साल जैसे मौकों पर अतिरिक्त भीड़ के दौरान पार्किंग, पैदल यात्रियों की सुरक्षा, ट्रैफिक नियंत्रण और जलाशय के आसपास निगरानी जरूरी होगी। सड़क और रोशनी की सुविधा के साथ पर्याप्त चेतावनी बोर्ड, बैरिकेडिंग और आपातकालीन व्यवस्था पर भी ध्यान देना होगा।
डीपीआर में जमीन और पुल-पुलिया का भी होगा आकलन
इंजीनियरों के अनुसार, तीनों परियोजनाओं की डीपीआर में सिर्फ सड़क की डिजाइन और लागत का आकलन नहीं होगा। जरूरत के अनुसार कलवर्ट, पुल, आरओबी/ आरयूबी, भूमि अधिग्रहण, जमीन के स्वामित्व का विवरण, पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन और वन भूमि से जुड़े प्रस्ताव भी तैयार किए जाएंगे। वन भूमि प्रभावित होने पर वन स्वीकृति की प्रक्रिया का भी अध्ययन होगा।
तीनों योजनाओं की डीपीआर तैयार करने के लिए कंसल्टेंसी सेवा का काम 45 दिनों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।

