
हजारीबाग : हजारीबाग से एक चिंताजनक खबर सामने आई है। बुधवार को इचाक थाना क्षेत्र के नगवां सिवाने नदी पुल के पास एक दर्दनाक हादसा हुआ। एक स्थानीय युवक के नदी के तेज बहाव में डूबने की आशंका जताई जा रही है। इस घटना की खबर जैसे ही इलाके में फैली, आसपास के गांवों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और देखते ही देखते मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई।
घटना की सूचना तुरंत स्थानीय प्रशासन को दी गई। खबर मिलते ही इचाक थाना प्रभारी गौतम कुमार अपनी पूरी पुलिस टीम के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने बिना वक्त गंवाए स्थिति का जायजा लिया और तुरंत राहत-बचाव कार्य की कमान संभाल ली। पुलिस की टीम स्थानीय लोगों और तैराकों की मदद से नदी के पानी में युवक को तलाशने में जुटी हुई है।
बुलाई गई विशेष गोताखोरों की टीम
हालांकि, नदी की गहराई और पानी के प्रवाह को देखते हुए तलाश का काम बेहद चुनौतीपूर्ण साबित हो रहा है। शुरुआती खोजबीन में अब तक युवक का कोई सुराग हाथ नहीं लग पाया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने विशेष गोताखोरों की टीम को बुलवाया है, ताकि नदी के गहरे हिस्सों में बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन चलाया जा सके।
फिलहाल डूबने वाले युवक की पहचान उजागर नहीं हो सकी है और न ही हादसे की सटीक वजह साफ हो पाई है। पुलिस हर पहलू से मामले की जांच कर रही है और परिजनों या चश्मदीदों के जरिए जानकारी जुटाने की कोशिश कर रही है। गोताखोरों के पहुंचते ही तलाशी अभियान को और अधिक तेज कर दिया जाएगा।
कोडरमा में भारी बारिश से नदी-नाले उफान पर, पुल के ऊपर बहा पानी
कोडरमा के चंदवारा इलाके में पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। बारिश की वजह से गौरी नदी समेत आसपास के सभी जलस्रोत पूरी तरह उफान पर हैं। हालत यह है कि डिग्री कॉलेज के पास चंदवारा-करमा रोड पर बने पुल के ऊपर से नदी का पानी बहुत तेजी से बह रहा है।

पुल पर पानी का तेज बहाव होने के कारण गाड़ियों की आवाजाही पूरी तरह रुक गई है। सबसे ज्यादा परेशानी बाइक सवारों और छोटी गाड़ी वालों को हो रही है, जिन्हें अपनी जान जोखिम में डालकर निकलना पड़ रहा है।
कई गांवों का संपर्क कटा
यह पुल बेहद अहम माना जाता है, क्योंकि यह कोडरमा के पुरनाडीह, माथाडीह, दुरगिनियां और हजारीबाग के करमा, रेम्बो, नावाडीह जैसे दर्जनों गांवों को चंदवारा से जोड़ता है। इतना ही नहीं, इसी रास्ते से लोग रांची-पटना मुख्य हाईवे पर भी पहुंचते हैं। पुल बंद होने से इन सभी गांवों के लोगों का संपर्क बाकी इलाकों से लगभग कट गया है।
प्रशासन से सुरक्षा की मांग
स्थानीय निवासियों का कहना है कि अगर बारिश यूं ही जारी रही, तो पानी का स्तर और बढ़ सकता है। हालात को देखते हुए ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से गुहार लगाई है कि जब तक पानी कम नहीं होता, तब तक पुल पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जाएं और निगरानी रखी जाए ताकि कोई बड़ा हादसा न हो।

