
Jamshedpur news : देश की प्रमुख इस्पात कंपनी टाटा स्टील को वित्त वर्ष 2019-20 से जुड़े आयकर पुनर्मूल्यांकन (री-असेसमेंट) मामले में झारखंड हाईकोर्ट से अंतरिम राहत मिली है। अदालत ने फिलहाल कंपनी के खिलाफ किसी भी कठोर कार्रवाई पर रोक लगाते हुए मामले की अगली सुनवाई 19 अगस्त निर्धारित की है।
मामला आयकर विभाग द्वारा वित्त वर्ष 2019-20 के लिए जारी पुनर्मूल्यांकन नोटिस से जुड़ा है। टाटा स्टील ने इस कार्रवाई को चुनौती देते हुए हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। कंपनी का कहना है कि आयकर विभाग की ओर से अपनाई गई प्रक्रिया कानूनी प्रावधानों के अनुरूप नहीं है और पुनर्मूल्यांकन का आधार भी विवादित है।
सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद हाईकोर्ट ने टाटा स्टील को अंतरिम राहत प्रदान की। अदालत ने स्पष्ट किया कि मामले के अंतिम निस्तारण तक यथास्थिति बनाए रखी जाएगी। अब इस प्रकरण पर विस्तृत सुनवाई 19 अगस्त को होगी।
यह मामला कॉर्पोरेट टैक्स प्रशासन और आयकर अधिनियम के तहत पुनर्मूल्यांकन की प्रक्रिया से जुड़े महत्वपूर्ण कानूनी प्रश्नों से संबंधित माना जा रहा है। उद्योग जगत की नजर इस मामले पर बनी हुई है, क्योंकि इसका प्रभाव बड़े कॉर्पोरेट करदाताओं के पुनर्मूल्यांकन मामलों पर भी पड़ सकता है।
टाटा स्टील और आयकर विभाग की ओर से मामले की अंतिम सुनवाई के बाद ही आगे की कानूनी स्थिति स्पष्ट होगी। फिलहाल हाईकोर्ट के अंतरिम आदेश से कंपनी को तत्काल राहत मिल गई है। । प्रकाश सिंह तीन माह के असाइनमेंट पर रहेंगे आगामी एक अगस्त से प्रकाश सिंह (हेड P&C लॉजिस्टिक्स, IL3, L&I OMQ) 3 महीने के लिए NINL प्रोजेक्ट में एक अस्थायी असाइनमेंट पर रहेंग। इस अस्थायी ट्रांसफर के दौरान, वह नोआमुंडी में अपनी मौजूदा भूमिका के लिए ज़िम्मेदार बने रहेंगे और उसी लेवल और पद वाले अपने मौजूदा सीनियर को फंक्शनली रिपोर्ट करेंगे तथा जाजपुर से काम करेंगे।

