
चाईबासा : श्रीराम मंदिर चंदा चोरी के आरोपों में पारदर्शिता एवं जवाबदेही की मांग तथा खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक (MMDR), 2026 के विरोध में झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमिटी ने व्यापक आंदोलन की तैयारी की है। कांग्रेस की ओर से चलाए जा रहे चरणबद्ध आंदोलन को लेकर सोमवार को कांग्रेस भवन, चाईबासा में प्रेस-वार्ता आयोजित की गई। प्रेस-वार्ता में कांग्रेस ने स्पष्ट किया कि इन दोनों मुद्दों को लेकर पार्टी लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से अपना आंदोलन आगे बढ़ाएगी। प्रेस-वार्ता को प्रदेश कांग्रेस द्वारा नामित प्रवक्ता राकेश तिवारी, देबू चटर्जी एवं सैमसन सुंडी ने संबोधित किया। प्रेस-वार्ता का संचालन कांग्रेस जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय ने किया।
चंदे को लेकर पारदर्शिता व जवाबदेही पर उठ रहे सवाल
प्रदेश कांग्रेस द्वारा नामित प्रवक्ता राकेश तिवारी ने कहा कि श्रीराम मंदिर निर्माण के नाम पर प्राप्त चंदे से जुड़े आरोपों को लेकर जनता के बीच पारदर्शिता और जवाबदेही का सवाल उठ रहा है। उन्होंने कहा कि धार्मिक आस्था से जुड़े विषयों में आर्थिक लेन-देन की स्पष्टता और सार्वजनिक जवाबदेही आवश्यक है। कांग्रेस इस पूरे मामले में तथ्यों और दस्तावेजों को सार्वजनिक करने तथा पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग कर रही है।
खनिज संसाधनों, राजस्व हितों तथा केंद्र-राज्य अधिकारों को लेकर उठे सवाल
प्रवक्ता देबू चटर्जी ने कहा कि खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक (NNDR), 2026 झारखंड के खनिज संसाधनों, राजस्व हितों तथा केंद्र-राज्य अधिकारों से जुड़े गंभीर प्रश्न खड़े करता है। उन्होंने कहा कि झारखंड की खनिज संपदा राज्य की अर्थव्यवस्था और विकास की आधारशिला है। इसलिए इससे संबंधित किसी भी नीतिगत बदलाव में राज्य के हितों, अधिकारों और राजस्व की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। वहीं प्रवक्ता सैमसन सुंडी ने कहा कि झारखंड केवल खनिज संपदा के लिए नहीं, बल्कि जल, जंगल और जमीन की समृद्ध विरासत के लिए भी जाना जाता है। प्राकृतिक संसाधनों से जुड़े किसी भी निर्णय का सीधा प्रभाव यहां के लोगों, उनकी आजीविका, पर्यावरण और विकास पर पड़ता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इन मुद्दों को गांव-गांव और प्रखंड-प्रखंड तक ले जाकर जनता को जागरूक करेगी तथा राज्य के अधिकारों की आवाज को और मजबूत बनाएगी।
शहीद स्थल रांची से लोक भवन तक किया जाएगा मार्च
कांग्रेस नेताओं ने बताया कि आंदोलन के अगले महत्वपूर्ण चरण में शनिवार, 26 सितंबर 2026 को रांची में लोक भवन मार्च-प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार मार्च शहीद स्थल (शहीद चौक, कांग्रेस भवन के समीप), रांची से प्रारंभ होकर लोक भवन (राजभवन), रांची तक पहुंचेगा। इसके उपरांत कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल द्वारा महामहिम राज्यपाल को ज्ञापन सौंपा जाएगा। प्रेस-वार्ता में यह भी जानकारी दी गई कि आंदोलन को अगले चरण में और व्यापक रूप दिया जाएगा। “चंदा चोरी” के आरोपों तथा खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 के खिलाफ 5 अक्टूबर से 10 अक्टूबर 2026 के बीच प्रखंड स्तर पर मार्च-प्रदर्शन आयोजित किए जाएंगे।
5 अक्टूबर से प्रखंड स्तरीय मार्च-प्रदर्शन
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि 26 सितंबर का लोक भवन मार्च राज्यस्तरीय आंदोलन का महत्वपूर्ण चरण होगा, जबकि 5 से 10 अक्टूबर तक होने वाले प्रखंड स्तरीय मार्च-प्रदर्शन इस अभियान को गांव और पंचायत स्तर तक पहुंचाएंगे। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पारदर्शिता, जवाबदेही, राज्य के अधिकारों और झारखंड की खनिज संपदा पर जनता के हक की लड़ाई को पूरी मजबूती के साथ जारी रखेगी। प्रेस-वार्ता में महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष नितिमा बारी, कांग्रेस जिला प्रवक्ता त्रिशानु राय, प्रदेश प्रतिनिधि अनुप्रिया सोय, वरीय कांग्रेसी लाल बहादुर सिंह उपस्थित थे।

