Jamshedpur : झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले में बागबेड़ा ग्रामीण जलापूर्ति योजना पिछले 11 वर्षों से अधूरी पड़ी है, जिसके कारण लगभग 2 लाख 25 हजार लोगों को पानी के लिए भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। इस मुद्दे को लेकर भाजपा नेता सुबोध झा ने सरकार पर लापरवाही और फंड के दुरुपयोग का आरोप लगाया है।
मंगलवार को सुबोध झा के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने भाजपा के झारखंड प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू से मुलाकात कर योजना को जल्द पूरा कराने और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की। इस दौरान उन्होंने बताया कि बागबेड़ा महानगर विकास समिति द्वारा अब तक 793 बार आंदोलन किए जा चुके हैं, जिनमें विधानसभा और राजभवन का घेराव तथा जमशेदपुर से रांची और दिल्ली तक पदयात्रा शामिल है।सुबोध झा ने आरोप लगाया कि योजना के लिए केंद्र, राज्य सरकार और वर्ल्ड बैंक के माध्यम से करोड़ों रुपये मिले, इसके बावजूद लोगों को पानी नहीं मिला।
उन्होंने कहा कि पहले चरण में 237 करोड़ रुपये खर्च होने के बावजूद काम अधूरा रहा और बाद में जल जीवन मिशन के तहत भी 50 करोड़ से अधिक राशि मिलने के बावजूद स्थिति जस की तस है।इस मामले को लेकर झारखंड हाईकोर्ट में जनहित याचिका भी दायर की गई है। झा ने कहा कि 21 पंचायतों के 113 गांव और रेलवे क्षेत्र की 33 बस्तियों के लोग आज भी पानी के लिए तरस रहे हैं।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष आदित्य साहू ने मामले को गंभीरता से लेते हुए विधायक और सचेतक नवीन जायसवाल को विधानसभा में मुद्दा उठाने और स्थल निरीक्षण कर रिपोर्ट सौंपने का निर्देश दिया। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि पानी और बिजली की समस्या को लेकर भाजपा पूरे राज्य में आंदोलन करेगी।इसी कड़ी में 7 मई 2026 को जमशेदपुर में उपायुक्त कार्यालय पर पानी और बिजली की समस्या को लेकर बड़ा घेराव-प्रदर्शन भी किया जाएगा।

