Home » Jharkhand Rajyasabha Election : कांग्रेस ने राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग रोकने के लिए कसी कमर, 16 विधायकों पर नजर रखने को छह नेताओं की तैनाती

Jharkhand Rajyasabha Election : कांग्रेस ने राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग रोकने के लिए कसी कमर, 16 विधायकों पर नजर रखने को छह नेताओं की तैनाती

Jharkhand Rajyasabha Election : पार्टी सूत्रों के अनुसार, के. राजू और सिरीबेला प्रसाद मतदान प्रक्रिया के दौरान विधायकों की गतिविधियों पर नजर रखेंगे, जबकि केशव महतो कमलेश और बंधु तिर्की मतदान केंद्र पर मौजूद रहकर यह सुनिश्चित करेंगे कि सभी विधायक मतदान करें और किसी प्रकार की गड़बड़ी न हो।

by Mujtaba Haider Rizvi
ranchi congress news
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

Ranchi : झारखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस ने विशेष सतर्कता बरतते हुए अपने 16 विधायकों के मतदान और मतों की सही गिनती सुनिश्चित करने के लिए छह वरिष्ठ नेताओं की जिम्मेदारी तय की है। पार्टी का मुख्य मकसद क्रॉस वोटिंग की किसी भी संभावना को रोकना और यह सुनिश्चित करना है कि सभी वोट अधिकृत उम्मीदवार के पक्ष में ही जाएं।

कांग्रेस ने प्रदेश प्रभारी के. राजू और सह प्रभारी सिरीबेला प्रसाद को पोलिंग एजेंट नियुक्त किया है। वहीं सांसद डॉ. सैयद नासिर हुसैन और मंत्री राधाकृष्ण किशोर को काउंटिंग एजेंट की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष केशव महतो कमलेश और वरिष्ठ नेता बंधु तिर्की को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है।

पार्टी सूत्रों के अनुसार, के. राजू और सिरीबेला प्रसाद मतदान प्रक्रिया के दौरान विधायकों की गतिविधियों पर नजर रखेंगे, जबकि केशव महतो कमलेश और बंधु तिर्की मतदान केंद्र पर मौजूद रहकर यह सुनिश्चित करेंगे कि सभी विधायक मतदान करें और किसी प्रकार की गड़बड़ी न हो। वे यह भी देखेंगे कि किस विधायक ने मतदान कर लिया है और कौन अभी मतदान से वंचित है।

कांग्रेस नेतृत्व का मानना है कि राज्यसभा चुनाव में पोलिंग और काउंटिंग एजेंट की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होती है। झारखंड के राजनीतिक इतिहास में ऐसे उदाहरण सामने आए हैं, जब विधायकों ने पार्टी लाइन से हटकर मतदान किया था। इसी अनुभव को ध्यान में रखते हुए कांग्रेस ने इस बार अतिरिक्त सतर्कता बरती है।

गौरतलब है कि कांग्रेस के पास 16 विधायक हैं, जबकि उससे कहीं अधिक संख्या में विधायक होने के बावजूद झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने फिलहाल चार नेताओं को ही इस कार्य के लिए जिम्मेदारी सौंपी है। झामुमो ने अभी तक अपने काउंटिंग एजेंट के नामों की घोषणा नहीं की है।

राज्यसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस की यह रणनीति पार्टी की सतर्कता और अनुशासन बनाए रखने की कोशिश के रूप में देखी जा रही है।

Read Also: Jharkhand Politics : मतदान से पहले NDA का शक्ति प्रदर्शन; विधायकों को दिया मॉक पोल का प्रशिक्षण

Related Articles

Leave a Comment