
चाईबासा : दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं पर पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज और कथित बर्बरता के खिलाफ झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने कड़ा रुख अपनाया है। इस घटना के विरोध में गुरुवार को झामुमो की जिला इकाई द्वारा चाईबासा स्थित पोस्ट ऑफिस चौक पर केंद्र सरकार का पुतला दहन किया गया। यह प्रदर्शन जिलाध्यक्ष सोनाराम देवगम के नेतृत्व में आयोजित हुआ।
गौरतलब है कि छात्र केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे, नीट 2026 और सीबीएसई की अंकन प्रणाली में अनियमितताओं तथा शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर शांतिपूर्ण आंदोलन कर रहे थे।
लोकतंत्र में आवाज दबाना निंदनीय: झामुमो
प्रदर्शन के दौरान झामुमो कार्यकर्ताओं और नेताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी करते हुए आक्रोश व्यक्त किया। नेताओं का कहना था कि लोकतंत्र में हर नागरिक को अपनी जायज मांगों के लिए आवाज उठाने का अधिकार है। छात्रों के साथ इस तरह का हिंसक व्यवहार बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और तानाशाही रवैये को दर्शाता है।झामुमो नेताओं ने कहा कि आज देश के लाखों युवाओं का भविष्य अधर में लटका हुआ है। परीक्षाओं में पारदर्शिता, निष्पक्ष मूल्यांकन और शिक्षा प्रणाली में सुधार समय की सबसे बड़ी जरूरत है। सरकार को दमनकारी नीतियां छोड़कर छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से सुनना चाहिए और समाधान निकालना चाहिए।
झामुमो की प्रमुख मांगें
-आंदोलनकारी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज की कड़े शब्दों में निंदा की जाए और छात्रों के साथ सम्मानजनक व्यवहार हो।
– नीट और सीबीएसई परीक्षा प्रणाली में व्याप्त गड़बड़ियों को तुरंत दूर कर पारदर्शिता लाई जाए।
– छात्रों की सभी मांगों का त्वरित और स्थायी समाधान किया जाए।
विरोध प्रदर्शन में ये रहे मौजूद
इस पुतला दहन कार्यक्रम में पार्टी के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। मुख्य रूप से जिलाध्यक्ष सोनाराम देवगम, सचिव राहुल आदित्य, जिला प्रवक्ता बुधराम लागुरी, बिश्वनाथ बाड़ा, मन्नाराम कुदादा, दोफेदार हेस्सा, अनुज पुरती, मनोज सिरका, जगदीश जामुदा, मुजाहिद अहमद, दिलवार हुसैन, जाकिर हुसैन, अलबिन एक्का, उदय बिरुली, बागुन सवाइयाँ, जगदीश गोप, सुभाष भंज, अर्जुन बानरा, सुमी पुरती सिंकू, शीला जमुदा, सेलाय मुंडा, रामलाल मुंडा, सेलाय दोराईबुरु, चंद्रमोहन मुंडा, राजाराम गुप्ता, कैसर परवेज, नवाब अंसारी, इक़बाल अहमद, देंवेन्द्र बारी और दिनेश चंद्र महतो सहित भारी संख्या में समर्थक शामिल हुए।

