
रांची: सर, हमारा कसूर क्या है? गड़बड़ी करने वालों को पकड़िए। चाहे सीबीआई हो या कोई और एजेंसी, जांच करा लीजिए… प्लीज, सालों की मेहनत से मिली हमारी नौकरी मत छीनिए। यह दर्द उन करीब 2,000 युवाओं का है, जो जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा पास करके पिछले सात महीनों से सरकारी दफ्तरों में अपनी सेवाएं दे रहे थे। मंगलवार को सरकार द्वारा परीक्षा रद्द किए जाने के बाद इन युवाओं के सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।
कार्यालय के बाहर सन्नाटा, सड़कों पर रोष
मंगलवार शाम तक जो युवा राज्य सरकार के कर्मचारी के रूप में काम कर रहे थे, उन्हें अचानक दफ्तर में घुसने से रोक दिया गया। इसके बाद गुस्साए और हताश अभ्यर्थी रांची स्थित झारखंड मंत्रालय (प्रोजेक्ट भवन) के बाहर धरने पर बैठ गए। सोमवार रात से शुरू हुआ यह आंदोलन अब तेज हो चुका है। सुरक्षा के लिहाज से मौके पर भारी पुलिस बल तैनात है।
कुछ लोगों की गलती की सजा हम सब क्यों भुगतें
प्रदर्शन कर रहे नवनियुक्त युवा कर्मियों का कहना है कि अगर परीक्षा में कोई धांधली हुई है, तो उसकी निष्पक्ष जांच हो और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए। लेकिन कुछ लोगों की गलती की सजा उन सभी अभ्यर्थियों को देना पूरी तरह अन्याय है, जिन्होंने दिन-रात एक करके यह परीक्षा पास की थी।
रोजी-रोटी और भविष्य का संकट
कई अभ्यर्थियों की हाल ही में शादी हुई है, तो कई परिवार का इकलौता कमाने वाला हैं। कुछ ऐसे भी युवा हैं जिन्होंने केंद्र की नौकरी छोड़ यहां आए हैं। आंदोलन में शामिल कौशल कुमार ने बताया कि राज्य में अफसर बनने के चक्कर में 500 से ज्यादा अभ्यर्थी केंद्र सरकार की अपनी पक्की नौकरियां छोड़ चुके हैं। सरकार दोबारा मौका देने की बात कह रही है, लेकिन अब कई अभ्यर्थी ओवरएज हो चुके हैं। ऊपर से परिवार का दायित्व बढ़ गया है। अचानक सड़क पर आने से उनका पूरा परिवार बदहाल हो जाएगा।
प्रोजेक्ट भवन से बिरसा चौक तक निकाला मार्च
जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा रद्द किए जाने और नियुक्ति पर संकट के विरोध में सफल अभ्यर्थियों ने मंगलवार की देर शाम अनोखे तरीके से अपना विरोध दर्ज कराया। सैकड़ों अभ्यर्थियों ने धुर्वा स्थित प्रोजेक्ट भवन से बिरसा चौक तक फ्लैश लाइट मार्च निकाला। अभ्यर्थियों ने मोबाइल की फ्लैश लाइट जलाकर शांतिपूर्ण तरीके से मार्च किया और सरकार के फैसले के खिलाफ आवाज बुलंद की।
मार्च के दौरान अभ्यर्थियों की एकजुटता देखने को मिली। राजधानी में पिछले 24 घंटे से लगातार हो रही बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में सफल अभ्यर्थी और नवनियुक्त कर्मचारी आंदोलन में शामिल हुए। अभ्यर्थियों ने सरकार से मांग की कि उनके भविष्य को ध्यान में रखते हुए पूरे मामले में स्पष्ट और न्यायसंगत निर्णय लिया जाए।
Read Also: Ranchi News: JSSC-CGL परीक्षा कराने वाली एजेंसी TDPL को किया गया ब्लैक लिस्ट


