राउरकेला: राउरकेला 16/6 निखिल उत्कल खुम मजदुर सभा ने आज राउरकेला संयुक्त मजदूर संघ के मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन जारी किया है। आज अंतरराष्ट्रीय घरेलू कामगार दिवस के अवसर पर घरेलू कामगारों को अलग-अलग घरों में काम करने के बावजूद उन्हें पर्याप्त मजदूरी, सामाजिक सुरक्षा और अन्य लाभ नहीं मिल रहे हैं। नई श्रम संहिता बनाते समय केंद्र सरकार घरेलू कामगारों को शामिल करना भूल गई है। साथ ही घरेलू कामगारों के स्वास्थ्य और सुरक्षा के अधिकार को भी खत्म करने का जिक्र किया है. इसके लिए घरेलू कामगारों ने विभिन्न मांगें रखी हैं। दावों के बीच यह है कि ALO C-18 की आधिकारिक घोषणा की जाए। घरेलू कामगारों को ईएसआई और ईपीएफ में शामिल किया जाना चाहिए और पूर्ण सरकारी कोष से योगदान दिया जाना चाहिए। घरेलू कामगारों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान की जानी चाहिए। शहरी विकास योजना में घरेलू कामगारों को आवास उपलब्ध कराया जाए। नई श्रम संहिता घर को कार्यस्थल मानती है। कौशल के अनुसार प्रत्येक राज्य और केंद्र शासित प्रदेश में न्यूनतम मजदूरी तय की जानी चाहिए। वेतन सहित साप्ताहिक एवं वार्षिक अवकाश प्रदान किया जाए। दुर्घटना की स्थिति में घरेलू कामगारों के लिए विशेष आपदा कोष बनाने का उल्लेख किया गया है। निखिल उत्कल खुम मजदुर समद के महासचिव सहित अध्यक्ष चंद्रा रानी, प्रमिला किंडो, ज्योति लकड़ा, सविता बेग, लक्ष्मी मोदक उपस्थित थे और यह मांग रखी।
ODISHA : निखिल उत्कल सदन मजदूर सभा की ओर से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन
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