RANCHI (JHARKHAND): शहर की सूरत बिगाड़ रहे अव्यवस्थित फाइबर केबलों को लेकर रांची नगर निगम सख्त हो गया है। अपर प्रशासक संजय कुमार की अध्यक्षता में विभिन्न टेलीकॉम एजेंसियों के प्रतिनिधियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। जिसमें बिना अनुमति लगाए गए केबलों को हटाने को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए गए। इतना ही नहीं 48 घंटे में अनुमति प्रमाण पत्र निगम में जमा करने का निर्देश दिया गया है।
ऐसा नहीं करने पर अब निगम का डंडा चलेगा। वहीं संचालकों पर कार्रवाई की जाएगी। बता दें कि द फोटोन न्यूज ने ‘झूलते तारों का जानलेवा जाल, रांची की सड़कों पर मौत बनकर मंडरा रहे तार’ खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। इसके बाद रांची नगर निगम अवैध रूप से लगाने वाले केबल आपरेटर संचालकों पर कार्रवाई करने जा रहा है।
सुरक्षा के लिहाज से खतरनाक
अपर प्रशासक ने बैठक में स्पष्ट किया कि शहर के कई इलाकों में बिजली के खंभों और पेड़ों पर बिना अनुमति लटके हुए फाइबर केबल न केवल शहर की छवि को खराब कर रहे हैं, बल्कि सुरक्षा के लिहाज से भी खतरनाक हैं। उन्होंने कहा कि इस अव्यवस्था को अब किसी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ओवरहेड या अंडरग्राउंड केबल लगाने की जो भी अनुमति प्राप्त की गई है, उसकी प्रति दो दिनों के भीतर निगम को उपलब्ध कराई जाए। जिन स्थानों पर बिना अनुमति के केबल लगाए गए हैं, उन्हें संबंधित एजेंसियों को तीन दिनों के भीतर हटाना होगा, अन्यथा नगर निगम खुद कार्रवाई करेगा और उसकी लागत एजेंसी से वसूली जाएगी।
बनी रहती है दुर्घटना की आशंका
अपर प्रशासक ने कहा कि अनियोजित केबलिंग के कारण शहर अव्यवस्थित दिखता है और दुर्घटनाओं की आशंका बनी रहती है। इस कार्य में सभी एजेंसियों का सहयोग आवश्यक है। एजेंसियों ने नगर निगम को आश्वासन दिया कि वे सहयोग करेंगे और जो भी ऑपरेटर अवैध रूप से तार लगा रहे हैं, उनकी जानकारी निगम को दी जाएगी।
इनकी रही मौजूदगी
इस बैठक में सहायक प्रशासक निकेश कुमार, आईटी शाखा प्रभारी, नगर अभियान प्रबंधक, रिलायंस जियो, भारती एयरटेल, एटीसी टेलीकॉम के प्रतिनिधि और बाजार शाखा के कर्मचारी भी उपस्थित थे।
READ ALSO: RANCHI NEWS: झूलते तारों का जानलेवा जाल, रांची की सड़कों पर मौत बनकर मंडरा रहे तार

