रांची : भारत के उपराष्ट्रपति सीपी. राधाकृष्णन ने झारखंड के खूंटी जिले स्थित भगवान बिरसा मुंडा की जन्मस्थली उलिहातु पहुंचकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा का जीवन, संघर्ष और बलिदान आज भी देश की आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करता है।
उपराष्ट्रपति ने बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित करने के बाद उनके परिजनों और वंशजों से भी मुलाकात की और उनसे संवाद किया। इस मौके पर उन्होंने अपनी भावनाएं सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर भी साझा कीं। उन्होंने लिखा कि उपराष्ट्रपति बनने के बाद एक बार फिर उलिहातु आना उनके लिए भावुक क्षण है।
उन्होंने कहा कि यह वही पवित्र भूमि है, जहां से एक महान स्वतंत्रता सेनानी ने ब्रिटिश शासन के खिलाफ आवाज बुलंद की थी। उन्होंने याद किया कि जब उन्होंने झारखंड के राज्यपाल के रूप में शपथ ली थी, उसी दिन वे उलिहातु पहुंचे थे और वह अनुभव आज भी उनके लिए बेहद खास है।
अपने दौरे के दौरान उपराष्ट्रपति ने वहां उपस्थित बच्चों से संवाद भी किया। उन्होंने बच्चों को मन लगाकर पढ़ाई करने, अपने लक्ष्य निर्धारित करने और जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। इसके बाद उपरष्ट्रपति बिरसा कॉम्प्लेक्स पहुंचे, जहां उन्होंने पुनः बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किए। यहां उन्होंने स्थानीय ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याओं और हालात के बारे में जानकारी ली।
देशभर में जनजातीय इतिहास और विरासत के प्रति बढ़ी है जागरूकता
सी.पी. राधाकृष्णन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस निर्णय की सराहना की, जिसमें 15 नवंबर को बिरसा मुंडा की जयंती को ‘जनजातीय गौरव दिवस’ के रूप में मनाने की शुरुआत की गई। उन्होंने कहा कि इस पहल से देशभर में जनजातीय इतिहास और विरासत के प्रति जागरूकता बढ़ी है और समाज में सम्मान की भावना मजबूत हुई है।
उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें खूंटी में प्रधानमंत्री के साथ उस ऐतिहासिक अवसर पर मौजूद रहने का सौभाग्य मिला था, जब पीएम-जनमन योजना की घोषणा की गई थी। यह योजना विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समुदायों के उत्थान और सशक्तीकरण के लिए महत्वपूर्ण कदम है।
उपराष्ट्रपति ने कहा कि जनजातीय स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाना और साथ ही वर्तमान में उनके विकास के लिए ठोस प्रयास करना, दोनों ही समान रूप से आवश्यक हैं। यह दृष्टिकोण उन आदर्शों को साकार करता है, जिनके लिए बिरसा मुंडा ने संघर्ष किया था।
इससे पहले उपराष्ट्रपति के आगमन पर हेलीपैड पर जिला प्रशासन द्वारा उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। इस अवसर पर राज्य के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने राज्यपाल के साथ मिलकर उपराष्ट्रपति का पुष्प गुच्छ भेंट कर स्वागत किया। कार्यक्रम में उपायुक्त आर. रॉनिटा और पुलिस अधीक्षक मनीष टोप्पो सहित कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।
इसके अलावा राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह, उपराष्ट्रपति के सचिव अमित खरे समेत कई गणमान्य अतिथि भी कार्यक्रम में शामिल हुए। उपराष्ट्रपति के इस दौरे को आदिवासी गौरव और स्वतंत्रता संग्राम के महानायक बिरसा मुंडा को श्रद्धांजलि देने के साथ-साथ उनके विचारों और योगदान को नई पीढ़ी तक पहुंचाने के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।

