चाकुलिया : झारखंड के पूर्वी सिंहभूम जिले में मानव-वन्यजीव संघर्ष की एक और घटना सामने आई है। चाकुलिया प्रखंड के जमुआ पंचायत अंतर्गत इंदबनी गांव के समीप शुक्रवार सुबह एक जंगली हाथी के हमले में काबुल मुंडा (60) गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद इलाके में भय और दहशत का माहौल है। काबुल मुंडा जमुआ पंचायत इलाके रहने वाले हैं।
प्राथमिक उपचार के बाद झाड़ग्राम किया गया रेफर
प्राथमिक उपचार के बाद काबुल मुंडा को बेहतर चिकित्सा सुविधा के लिए पश्चिम बंगाल के झाड़ग्राम अस्पताल रेफर किया गया है। ग्रामीणों के अनुसार क्षेत्र में पिछले कई दिनों से हाथियों का झुंड सक्रिय है, जिसके कारण गांवों में रहने वाले लोग लगातार भय के साये में जीवन बिता रहे हैं।
सुबह पैदल जा रहे थे काबुल मुंडा
मिली जानकारी के अनुसार काबुल मुंडा शुक्रवार सुबह किसी आवश्यक कार्य से पैदल जा रहे थे। इसी दौरान इंदबनी जंगल क्षेत्र के पास अचानक उनका सामना एक जंगली हाथी से हो गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हाथी ने काबुल को देखते ही हमला कर दिया। हाथी ने उन्हें अपनी सूंड से उठाकर जमीन पर पटक दिया, जिससे उनके शरीर के कई हिस्सों में गंभीर चोटें आईं। घटना के बाद आसपास के लोगों में अफरा-तफरी मच गई।
ग्रामीणों और वन विभाग ने पहुंचाया अस्पताल
हाथी के हमले की सूचना मिलते ही आसपास के ग्रामीण घटनास्थल पर पहुंचे और तत्काल वन विभाग को जानकारी दी। ग्रामीणों और वन कर्मियों के सहयोग से घायल काबुल मुंडा को अस्पताल पहुंचाया गया। चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें उन्नत चिकित्सा सुविधा के लिए झाड़ग्राम अस्पताल रेफर कर दिया। अस्पताल सूत्रों के अनुसार घायल की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
क्षेत्र में तीन हाथियों के झुंड से बढ़ी चिंता
स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि इंदबनी जंगल और आसपास के क्षेत्रों में पिछले कई दिनों से तीन हाथियों का झुंड विचरण कर रहा है। हाथियों की लगातार गतिविधियों के कारण गांवों के लोगों में भय का माहौल बना हुआ है। ग्रामीणों का कहना है कि खेतों में काम करने, जंगल से लकड़ी या अन्य आवश्यक सामग्री लाने और दैनिक कार्यों के लिए बाहर निकलने में भी लोगों को डर लग रहा है। कई परिवारों ने बच्चों और बुजुर्गों को अकेले बाहर भेजना बंद कर दिया है।
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