
रांची: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर रविवार को रांची विश्वविद्यालय के स्वर्ण जयंती दीक्षांत मंडप में आयोजित सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में बढ़ते तनाव और मानसिक दबाव के बीच योग स्वस्थ और संतुलित जीवन का सबसे प्रभावी माध्यम बनकर उभरा है। उन्होंने लोगों से योग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने की अपील करते हुए कहा कि स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए योग को जन-जन तक पहुंचाना जरूरी है।
सुबह छह बजे शुरू हुए इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में विद्यार्थियों, एनएसएस वॉलेंटियर्स, योग प्रशिक्षकों और आम लोगों ने भाग लिया। योग दिवस की इस वर्ष की थीम “स्वस्थ आयु के लिए योग” रखी गई है, जिसके अनुरूप कार्यक्रम में लोगों को स्वस्थ और सक्रिय जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया गया।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा कि योग सदियों से भारतीय संस्कृति और जीवन पद्धति का अभिन्न हिस्सा रहा है। बदलती जीवनशैली और बढ़ती प्रतिस्पर्धा के कारण लोग तनाव, चिंता और कई तरह की बीमारियों का सामना कर रहे हैं। ऐसे समय में योग न केवल शरीर को स्वस्थ रखता है, बल्कि मन को भी शांति और स्थिरता प्रदान करता है।
उन्होंने कहा कि नियमित योगाभ्यास से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और व्यक्ति मानसिक रूप से मजबूत बनता है। योग व्यक्ति को अनुशासन, आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच के साथ जीवन जीने की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि यदि लोग प्रतिदिन कुछ समय योग के लिए निकालें, तो वे कई बीमारियों से बच सकते हैं और बेहतर जीवन जी सकते हैं।
डॉ. अंसारी ने कहा कि आज योग की उपयोगिता पूरी दुनिया ने स्वीकार की है। भारत की यह प्राचीन परंपरा अब वैश्विक स्तर पर स्वास्थ्य और कल्याण का माध्यम बन चुकी है। यह हम सभी के लिए गर्व की बात है कि भारतीय संस्कृति की यह अमूल्य धरोहर करोड़ों लोगों के जीवन को सकारात्मक दिशा दे रही है।
उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस केवल एक दिन का आयोजन नहीं, बल्कि लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करने का एक व्यापक अभियान है। स्वस्थ शरीर और स्वस्थ मन के बिना विकसित समाज की कल्पना नहीं की जा सकती। इसलिए हर व्यक्ति को योग को अपने जीवन का हिस्सा बनाना चाहिए।
कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार, रांची विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. सरोज शर्मा समेत कई गणमान्य अतिथि और अधिकारी उपस्थित थे। इसके अलावा रक्षा राज्य मंत्री और रांची विधायक ने भी कार्यक्रम में भाग लिया।
इस अवसर पर योगासन के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को प्रशस्ति-पत्र और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। अतिथियों ने खिलाड़ियों की उपलब्धियों की सराहना करते हुए कहा कि उनकी सफलता युवाओं को योग अपनाने और स्वस्थ जीवनशैली की ओर अग्रसर होने के लिए प्रेरित करेगी। कार्यक्रम के दौरान प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में सामूहिक योगाभ्यास कराया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने विभिन्न योगासन और प्राणायाम का अभ्यास किया। पूरे आयोजन के दौरान उत्साह और ऊर्जा का माहौल बना रहा तथा स्वस्थ जीवन, अनुशासन और मानसिक शांति का संदेश दिया गया।
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