
Chaibasa: घरेलू विवाद में अपने सगे भाई पर कुदाल से जानलेवा हमला करने के आरोपी दुबलिया सवैया को अदालत ने कड़ी सजा सुनाई है। जिला एवं सत्र न्यायालय ने दोषी को 7 वर्ष के सश्रम कारावास (कठोर कारावास) की सजा सुनाते हुए 10 हजार रुपये का आर्थिक जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना राशि न भरने पर दोषी को अतिरिक्त जेल काटनी होगी।
क्या है पूरा मामला?
मंझारी थाना क्षेत्र के पूर्णिया टोला-शंकोसाई गांव निवासी आरोपी दुबलिया सवैया (पिता: स्वर्गीय पोते सिंह सवैया) का अपने सगे भाई पूर्णचन्द्र सवैया के साथ 18 सितंबर 2023 को किसी घरेलू बात को लेकर विवाद हो गया था। गुस्से में आकर दुबलिया ने हत्या करने की नीयत से अपने भाई पर कुदाल से ताबड़तोड़ वार कर दिया, जिससे पूर्णचन्द्र गंभीर रूप से घायल हो गया था।
घटना की जानकारी मिलते ही मंझारी थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
वैज्ञानिक जांच और गवाही बनी सजा का आधार
मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए चाईबासा पुलिस ने वैज्ञानिक और तकनीकी पहलुओं को ध्यान में रखकर साक्ष्य (सबूत) जुटाए। गवाहों के बयान और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने अदालत में ठोस आरोप पत्र (चार्जशीट) दाखिल की।
अदालत का फैसला
जिला एवं सत्र न्यायाधीश की अदालत में मामले की लंबी सुनवाई के बाद, उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के मद्देनजर न्यायालय ने दुबलिया सवैया को भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 307 (हत्या का प्रयास) के तहत मुख्य रूप से कसूरवार पाया।अदालत के इस फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए पुलिस प्रशासन ने कहा कि मुस्तैदी से की गई जांच और समय पर पुख्ता सबूत पेश करने की वजह से ही पीड़ित परिवार को सही न्याय मिल सका है। इस फैसले से अपराधियों में कानून का खौफ पैदा होगा।

