
बोकारो : जिले में आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने और लंबे समय से लंबित मामलों में फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए बोकारो पुलिस ने व्यापक अभियान चलाया। पुलिस अधीक्षक नाथू सिंह मीणा के निर्देश पर गत शनिवार की रात पूरे जिले में विशेष समकालीन अभियान चलाया गया। इस दौरान अलग-अलग थाना और ओपी क्षेत्रों में एक साथ कार्रवाई करते हुए वांछित अपराधियों, अदालती वारंटियों और विभिन्न मामलों में फरार आरोपियों के संभावित ठिकानों पर छापेमारी की गई।
पुलिस की ओर से चलाए गए इस अभियान में 74 विशेष पुलिस टीमों को लगाया गया था। इन टीमों में करीब 250 पुलिस अधिकारी और जवान शामिल रहे। अभियान के दौरान जिलेभर में चिह्नित आरोपियों के 222 संभावित ठिकानों पर दबिश दी गई। पुलिस की इस कार्रवाई में कुल 94 अभियुक्तों की गिरफ्तारी की जानकारी सामने आई है। वहीं, विभिन्न थाना क्षेत्रों से गिरफ्तार किए गए आरोपियों में 31 वारंटी भी शामिल हैं, जिन्हें न्यायिक प्रक्रिया के तहत जेल भेजा गया।
74 पुलिस टीमों ने 222 ठिकानों पर दी दबिश
बोकारो पुलिस ने एक साथ कई थाना क्षेत्रों में कार्रवाई के लिए पहले से तैयारी की थी। अभियान का उद्देश्य ऐसे आरोपियों तक पहुंचना था, जो विभिन्न आपराधिक मामलों में लंबे समय से फरार चल रहे थे या जिनके खिलाफ अदालत से वारंट जारी था।
इसके लिए जिले के सभी संबंधित थाना और ओपी क्षेत्रों में पुलिस टीमों का गठन किया गया। कुल 74 टीमों ने संभावित ठिकानों की पहचान कर छापेमारी की। करीब 250 पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की मौजूदगी में चलाए गए अभियान के दौरान 222 स्थानों पर दबिश दी गई।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, अभियान के दौरान कई ऐसे आरोपियों को भी गिरफ्तार किया गया, जो लंबे समय से पुलिस की गिरफ्त से बाहर थे। इन गिरफ्तारियों से लंबित मामलों की जांच और उनके निष्पादन में तेजी आने की उम्मीद है।
2012 से फरार आरोपी अशोक शर्मा गिरफ्तार
अभियान के दौरान चास थाना क्षेत्र से एक महत्वपूर्ण गिरफ्तारी की गई। यदुवंश नगर निवासी अशोक कुमार शर्मा को पुलिस ने गिरफ्तार किया। पुलिस के अनुसार, वह वर्ष 2012 से फरार चल रहा था। अशोक कुमार शर्मा चास थाना कांड संख्या 118/12 में वांछित था। करीब एक दशक से अधिक समय से फरार आरोपी की गिरफ्तारी को पुलिस की विशेष कार्रवाई का अहम हिस्सा माना जा रहा है। पुलिस टीम ने उसके संभावित ठिकाने की जानकारी जुटाने के बाद कार्रवाई की और उसे गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया में भेजा।
हत्या के मामले में 2023 से फरार पांच आरोपी पकड़े गए
जरीडीह थाना क्षेत्र में भी पुलिस को बड़ी सफलता मिली। जरीडीह थाना कांड संख्या 132/23 हत्या के मामले में वर्ष 2023 से फरार चल रहे पांच आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में कुलदीप सिंह, सीता देवी, प्रमिला देवी, कुनु मांझी और जागेश्वर मांझी शामिल हैं। पुलिस के अनुसार, इन आरोपियों के खिलाफ हत्या के मामले में कार्रवाई लंबित थी और वे गिरफ्तारी से बचते हुए फरार चल रहे थे। विशेष अभियान के दौरान पुलिस ने इनके ठिकानों की जानकारी जुटाई और एक साथ कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों में कुलदीप सिंह, स्वर्गीय सुखदेव सिंह के पुत्र बताए गए हैं। सीता देवी, कुनु मांझी की पत्नी हैं। प्रमिला देवी, अजय किस्कु की पत्नी हैं। कुनु मांझी, स्वर्गीय बुधुडीह के पुत्र और जागेश्वर मांझी, सुन्दन मांझी के पुत्र बताए गए हैं।
2018 के हत्या मामले का फरार आरोपी भी गिरफ्तार
महुआटांड थाना क्षेत्र में भी पुलिस को वर्षों पुराने हत्या के मामले में सफलता मिली। महुआटांड थाना कांड संख्या 42/2018 में वर्ष 2018 से फरार चल रहे सुखदेव मांझी को पुलिस ने गिरफ्तार किया।
सुखदेव मांझी, बिरसा मांझी के पुत्र और बरैया गांव के निवासी बताए गए हैं। पुलिस के अनुसार, वह हत्या के इस मामले में लंबे समय से फरार था। उसके खिलाफ अदालत से कुर्की की कार्रवाई भी जारी की गई थी। विशेष अभियान के दौरान पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया।
लंबे समय से फरार आरोपियों पर पुलिस की नजर
बोकारो पुलिस के इस अभियान का मुख्य उद्देश्य केवल वारंटियों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं था। विभिन्न आपराधिक मामलों में लंबे समय से फरार चल रहे आरोपियों को पकड़ने के लिए भी विशेष रणनीति के तहत कार्रवाई की गई। पुलिस टीमों ने आरोपियों के संभावित ठिकानों की जानकारी जुटाकर एक साथ छापेमारी की।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस तरह के अभियान के जरिए लंबित मामलों में फरार आरोपियों तक पहुंचने और न्यायालय से जारी वारंटों का निष्पादन करने में मदद मिलती है। अभियान के दौरान अलग-अलग थाना क्षेत्रों से गिरफ्तार आरोपियों के आपराधिक मामलों और पूर्व के रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।
अपराधियों और वारंटियों में बढ़ी पुलिस कार्रवाई की चिंता
बोकारो जिले में एक ही रात बड़े स्तर पर हुई पुलिस कार्रवाई के बाद लंबे समय से फरार चल रहे आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है। 222 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी और 74 पुलिस टीमों की तैनाती से अभियान का दायरा स्पष्ट होता है।
पुलिस अब गिरफ्तार किए गए आरोपियों से संबंधित मामलों की जानकारी जुटाने के साथ आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी कर रही है। जिन आरोपियों के खिलाफ न्यायालय से वारंट जारी थे, उनके मामलों में भी संबंधित न्यायिक प्रक्रिया के अनुसार कार्रवाई की जा रही है।
लंबित मामलों के निष्पादन पर पुलिस का जोर
बोकारो पुलिस के इस विशेष अभियान में वर्षों पुराने मामलों के आरोपियों की गिरफ्तारी भी हुई है। वर्ष 2012 से फरार अशोक कुमार शर्मा की गिरफ्तारी के अलावा वर्ष 2018 और 2023 के हत्या के मामलों में फरार आरोपियों का पकड़ा जाना अभियान की प्रमुख कार्रवाई में शामिल रहा।

