

-एनडीआरएफ की 30 सदस्यीय टीम ने अपने कमांडर के साथ रोपवे का किया आकलन

संबलपुर: राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की एक टीम ने ओडिशा के संबलपुर जिले में हीराकुंड बांध स्थल पर स्थित रोपवे की सुरक्षा जांच की.यहां पहुंचे एनडीआरएफ अधिकारियों ने बताया कि रोपवे की जांच की जा रही है. यात्रियों की सुरक्षा सर्वोपरी है. संबलपुर नगर निगम (एसएमसी) के प्रवर्तन अधिकारी शुभंकर मोहंती ने बताया कि एसएमसी ने रोपवे के निरीक्षण के लिए एनडीआरएफ से संपर्क किया था, इसके बाद बल की एक टीम ने हाल में रोपवे स्थल का दौरा किया.
निरीक्षण सालाना आयोजित किये जाते हैं और यह पहली बार है, जब एनडीआरएफ की 30 सदस्यीय टीम ने अपने कमांडर के साथ रोपवे का आकलन करने के लिए बांध स्थल का दौरा किया. टीम ने रोपवे की ऊंचाई, रस्सी, ट्रॉली, हुक सहित अन्य चीजों का निरीक्षण किया. इसके अलावा, उसने एक ‘मॉक ड्रिल’ भी आयोजित की और रोपवे के कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया कि अगर कोई दुर्घटना होती है, तो कैसे प्रतिक्रिया दी जाये. यह रोपवे जवाहर उद्यान को हीराकुंड बांध स्थल पर गांधी मीनार से जोड़ता है. जवाहर उद्यान हीराकुंड बांध के नीचे एक रमणीय उद्यान है. गांधी मीनार से विशाल हीराकुंड जलाशय और बांध का विहंगम दृश्य दिखता है. रोपवे सेवा का संचालन 2019 में शुरू हुआ था. एक ट्रॉली में चार व्यक्ति बैठ सकते हैं.
मोहंती ने कहा, एनडीआरएफ की टीम ने सुरक्षा बढ़ाने के लिए कुछ सुझाव दिए हैं. हम जल्द से जल्द इन सुझावों पर अमल करेंगे. कोलकाता की कंपनी दामोदर रोपवे एंड इंफ्रा लिमिटेड (डीआरआइएल) ने 421 मीटर लंबे इस रोपवे का निर्माण किया था, जिसका संचालन संबलपुर नगर निगम करता है. रोपवे के रखरखाव का जिम्मा दामोदर रोपवे को सौंपा गया है.

