रांची/ दिल्ली : झारखंड में चर्चित भूमि घोटाले और कथित मनी लॉन्ड्रिंग की जांच के बीच एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बुधवार तड़के एक बड़ी कार्रवाई करते हुए दिल्ली के वसंत विहार स्थित सरकारी आवास पर छापेमारी की। यह छापा ऑटोमोबाइल कंपनी नेक्सजेन के मालिक और भूमि घोटाले के आरोपी विनय सिंह की पत्नी स्निग्धा सिंह की तलाश में मारा गया। छापेमारी सुबह करीब चार बजे शुरू हुई, लेकिन स्निग्धा सिंह कुछ देर पहले ही उस आवास से निकल गई थी और टीम उन्हें पकड़ नहीं सकी।
इनसे हो रही है पूछताछ
छापेमारी के दौरान एसीबी की टीम को स्निग्धा सिंह तो नहीं मिली, लेकिन उनका बेटा सनत सिंह मौके पर मौजूद था। उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों के अनुसार, यह गिरफ्तारी नहीं बल्कि तथ्य-संग्रह से जुड़ी कार्रवाई है। प्रारंभिक पूछताछ में सनत सिंह ने विनय चौबे, विनय सिंह और अपनी मां स्निग्धा सिंह की चल-अचल संपत्तियों, कथित निवेश और संदिग्ध लेन-देन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है।
कई दिनों से किया जा रहा था ट्रेस
सूत्रों के मुताबिक, एसीबी की तकनीकी सेल कई दिनों से स्निग्धा सिंह की डिजिटल गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थी। लोकेशन ट्रेसिंग के दौरान पता चला कि वह दिल्ली स्थित एक संयुक्त सचिव स्तर के अधिकारी के सरकारी आवास में मौजूद है। इसके बाद एक विशेष टीम का गठन कर तुरंत दिल्ली भेजा गया और छापेमारी की योजना बनाई गई।
ये सामान जब्त
छापेमारी के दौरान टीम ने कई डिजिटल उपकरण, दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक डेटा स्टोरेज डिवाइस जब्त किए हैं। इनकी फॉरेंसिक जांच शुरू कर दी गई है। पूछताछ व तलाशी के दौरान एसीबी को दिल्ली के वसंत विहार क्षेत्र में खरीदी गई एक संपत्ति सी-24 वसंत विहार के बारे में भी जानकारी मिली है। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई गई है कि यह संपत्ति बेनामी निवेश और अवैध वित्तीय गतिविधियों को छिपाने के लिए उपयोग की गई हो सकती है।
यहां से खुल सकते हैं कई राज
एसीबी अधिकारियों को उम्मीद है कि जब्त किए गए डिजिटल डिवाइस भूमि घोटाले, मनी लांड्रिंग और कथित शराब घोटाले में किए गए निवेश की श्रृंखला उजागर कर सकते हैं। टीम को यह भी विश्वास है कि डेटा की जांच से यह पता चल सकेगा कि कथित घोटाले की राशि किन-किन चैनलों के माध्यम से रियल एस्टेट, बेनामी संपत्ति खरीद और अन्य क्षेत्रों में निवेश की गई।

