नई दिल्ली: अमेरिका द्वारा चीन पर लगाए गए नए टैरिफ का असर अब वैश्विक स्मार्टफोन बाजार में नजर आने लगा है। इस फैसले का सबसे अधिक असर एप्पल (Apple) के प्रीमियम स्मार्टफोन्स iPhone पर पड़ने की संभावना है, क्योंकि कंपनी अपने अधिकांश iPhone मॉडल्स का निर्माण चीन में करती है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन टैरिफ्स के चलते iPhone की कीमतों में भारी उछाल देखने को मिल सकता है, विशेषकर आयात पर निर्भर बाजारों में जैसे पाकिस्तान।
iPhone की कीमत में भारी उछाल की आशंका
पाकिस्तान में पहले से ही iPhone की कीमतें उच्च स्तर पर हैं, क्योंकि वहां आयात शुल्क, टैक्स और मुद्रा विनिमय दरों की वजह से इलेक्ट्रॉनिक्स की कीमतें काफी अधिक होती हैं। अब यदि अमेरिका द्वारा लगाए गए टैरिफ्स का असर उत्पादन लागत पर पड़ता है, तो यह लागत अंतिम उपभोक्ता तक पहुंचना तय है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, पाकिस्तान में नया iPhone 15 Pro Max पहले ही करीब 8 लाख से अधिक में बिक रहा है। विशेषज्ञों की मानें तो आगामी महीनों में यह कीमत 10 लाख पाकिस्तानी रुपये के पार जा सकती है।
Apple iPhone पर अमेरिका के टैरिफ का वैश्विक प्रभाव
डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व में अमेरिकी प्रशासन द्वारा चीनी उत्पादों पर टैरिफ लगाए जाने से न केवल अमेरिकी बाजार प्रभावित हो रहा है, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी इसका प्रभाव देखने को मिलेगा। Apple को अब या तो उत्पादन लागत में वृद्धि सहनी होगी या फिर वैकल्पिक उत्पादन केंद्रों की तलाश करनी होगी।
Apple पहले ही भारत और वियतनाम जैसे देशों में अपने उत्पादन का हिस्सा स्थानांतरित करने की प्रक्रिया में है, लेकिन अभी भी iPhone का एक बड़ा हिस्सा चीन में ही बनता है। ऐसे में चीन पर लगाए गए टैरिफ्स सीधे तौर पर Apple की सप्लाई चेन और उत्पाद लागत को प्रभावित करेंगे।
iPhone की कीमत बढ़ने के प्रमुख कारण
- अमेरिका द्वारा चीन से आयात होने वाले इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों पर टैरिफ
- Apple का iPhone निर्माण चीन पर निर्भर होना
- पाकिस्तान में पहले से मौजूद उच्च आयात शुल्क और टैक्स
- पाकिस्तानी रुपये की गिरती वैल्यू
- अंतरराष्ट्रीय लॉजिस्टिक्स लागत में वृद्धि
पाकिस्तान में Apple iPhone की मौजूदा कीमतें
| मॉडल | अनुमानित कीमत (पाकिस्तानी रुपये में) |
|---|---|
| iPhone 15 | 5,50,000+ |
| iPhone 15 Pro | 7,00,000+ |
| iPhone 15 Pro Max | 8,50,000+ |
Apple और उपभोक्ताओं के लिए भविष्य की रणनीति
Apple को आने वाले समय में या तो चीन से बाहर उत्पादन क्षमता को बढ़ाना होगा या फिर लागत में बढ़ोतरी का बोझ उपभोक्ताओं पर डालना पड़ेगा। उपभोक्ताओं के लिए यह खबर चिंताजनक हो सकती है क्योंकि भविष्य में iPhone जैसे प्रीमियम स्मार्टफोन्स और अधिक महंगे हो सकते हैं।
डोनाल्ड ट्रंप द्वारा चीन पर लगाए गए टैरिफ का प्रभाव वैश्विक स्मार्टफोन बाजार पर स्पष्ट रूप से नजर आने लगा है। Apple iPhone की कीमतें पहले से ही ऊंचाई पर थीं, लेकिन अब पाकिस्तान जैसे देशों में इसकी कीमतें 10 लाख रुपये के आंकड़े को भी पार कर सकती हैं। आने वाले समय में यह देखा जाना शेष है कि Apple और उपभोक्ता इस वैश्विक आर्थिक चुनौती का किस प्रकार सामना करते हैं।

