
चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के लिए गर्व का क्षण है। चाईबासा के खनन कारोबारी रुंगटा परिवार ने राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी और ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। रुंगटा माइंस के प्रमुख नंदलाल रुंगटा और मुकुंद रुंगटा ने पहली बार देश के सबसे अमीर लोगों की सूची में अपना नाम दर्ज कराया है।
फॉर्च्यून इंडिया द्वारा जारी 2026 की टॉप-100 अमीरों की सूची में रुंगटा बंधुओं ने 67वां स्थान प्राप्त किया है। पत्रिका के अनुसार दोनों भाइयों की कुल संपत्ति करीब 40 हजार करोड़ रुपये आंकी गई है। देश के खनन उद्योग में दशकों से सक्रिय रहने वाले इस परिवार का पहली बार इस प्रतिष्ठित क्लब में शामिल होना पूरे झारखंड के लिए गौरव की बात है।
चाईबासा को देश के प्रमुख लौह अयस्क समृद्ध क्षेत्र के रूप में जाना जाता है। यहीं से खनन कारोबार शुरू कर राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने का रुंगटा परिवार का यह सफर स्थानीय औद्योगिक क्षमता और उद्यमिता का बड़ा उदाहरण है। कभी चाईबासा की खदानों से शुरू हुआ उनका कारोबार आज राष्ट्रीय मानचित्र पर मजबूती से स्थापित हो चुका है।
फॉर्च्यून इंडिया की इस सूची में मुकेश अंबानी और गौतम अडाणी जैसे देश के शीर्ष उद्योगपति शीर्ष स्थानों पर हैं। ऐसे दिग्गज उद्योगपतियों के बीच रुंगटा बंधुओं का शामिल होना न केवल उनके व्यापारिक कौशल का प्रमाण है, बल्कि चाईबासा के खनन कारोबार को भी नई राष्ट्रीय पहचान दिलाता है।
खनन क्षेत्र में निरंतर विस्तार, आधुनिक तकनीक का उपयोग और रोजगार सृजन में रुंगटा परिवार की भूमिका अहम रही है। उनके इस कारोबार से हजारों लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से रोजगार मिला है।
रुंगटा परिवार की इस उपलब्धि के बाद चाईबासा सहित पूरे कोल्हान क्षेत्र में हर्ष का माहौल है। स्थानीय उद्योग जगत और आम लोगों ने इसे जिले के लिए ऐतिहासिक पल बताया है। लोगों का कहना है कि इस उपलब्धि से आने वाले समय में झारखंड के और भी उद्यमी राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाएंगे।

