रांची। राजधानी रांची के प्रसिद्ध जगन्नाथ मंदिर परिसर में गुरुवार रात एक सनसनीखेज घटना सामने आई हाै। मंदिर के गार्ड की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान बिरसा मुंडा के रूप में हुई है, जो मंदिर में खतियानी सेवक के रूप में कार्यरत थे और सुरक्षा की जिम्मेदारी भी निभा रहे थे।
बताया जा रहा है कि घटना के समय बिरसा मुंडा मंदिर परिसर में ड्यूटी पर तैनात थे। देर रात अज्ञात हमलावरों ने उन पर धारदार हथियार से हमला कर दिया, जिससे उनकी मौत हो गई। सुबह घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोगों में आक्रोश फैल गया।
घटना की सूचना पुलिस को दे दी गई है। पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है और आरोपियों की तलाश के लिए छापेमारी की जा रही है।
दुश्मनी साधने के लिए मंदिर के आसपास निशाना बना रहे अपराधी
आम तौर पर मंदिर लोग आत्मीय सुख के लिए जाते हैं जहां कुछ पल के लिए स्वयं की सुरक्षा का ख्याल छोड़ आस्था का भाव ऊपर रखते हैं। अपराधी इसका भी गलत फायदा उठा ले रहे हैं। 21 अप्रैल की सुबह रांची के पंडरा ओपी क्षेत्र में मनोकामना मंदिर में पूजा कर बाहर निकल रहे जमीन कारोबारी भार्गव सिंह की अपराधियों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। हालांकि हत्या का कारण जमीन विवाद था, लेकिन अपराधियों ने इसके लिए जगह मंदिर परिसर को ही चुना था।
जांच के दौरान पुलिस ने मामले में शामिल आरोपी विजय टेटे को गिरफ्तार किया था। जबकि दूसरा आरोपी सत्यम पाठक रांची से बक्सर (बिहार) भागने की फिराक में था, जिसे नेवरी विकास के पास से गिरफ्तार किया गया। कांके डैम के पास से घटना में प्रयुक्त हथियार भी बरामद कर लिए गए थे।
अपराधियों का मनोबल इतना बढ़ा हुआ है कि हथियार बरामदगी कर लौट रही पुलिस टीम से अपराधी ने हथियार लूटने का प्रयास किया। पुलिस ने जवाबी फायरिंग की जिसमें आरोपी सत्यम पाठक के पैर में गोली लगी।

