जमशेदपुर। जमशेदपुर के टेल्को सुनील सिंह हत्याकांड और परसुडीह में अजीत सिंह पर फायरिंग मामले में फरार चल रहे मुख्य आरोपी विकास सिंह सरदार ने सोमवार को कोर्ट में सरेंडर कर दिया। पुलिस के लगातार दबाव और सख्ती के चलते विकास को सरेंडर करने पर मजबूर होना पड़ा। बता दें कि विकास सिंह सरदार के खिलाफ पहले से ही 10 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने इस मामले में जबरदस्त दबाव बनाते हुए सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कई ठिकानों पर छापेमारी की थी। इसके पहले, इस मामले के दूसरे आरोपी बिट्टू कामत ने भी कोर्ट में आत्मसमर्पण किया था। पुलिस ने बिट्टू कामत को रिमांड पर लेकर पूछताछ की, जिसमें घटना में प्रयुक्त हथियार बरामद कर लिया गया।
कई मामलों में फरार चल रहा था विकास
विकास सिंह सरदार पर टेल्को इलाके में सुनील सिंह की हत्या और परसुडीह में अजीत सिंह पर फायरिंग का गंभीर आरोप है। इन दोनों मामलों ने जमशेदपुर में कानून-व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए थे। सुनील सिंह की हत्या और अजीत सिंह पर फायरिंग की घटनाओं ने क्षेत्र में भय और असुरक्षा का माहौल बना दिया था। इसके अलावा विकास पर बिरसानगर के एक कारोबारी से भी रंगदारी मांगने का आरोेप है।
पुलिस के लिए बड़ी सफलता
विकास सिंह सरदार का आत्मसमर्पण पुलिस के लिए बड़ी सफलता मानी जा रही है। विकास से पूछताछ में हत्याकांड और फायरिंग मामले के कई अन्य पहलुओं का खुलासा हो सकता है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि इन मामलों में और कौन-कौन लोग शामिल थे और क्या विकास सिंह सरदार का किसी संगठित अपराध गिरोह से संबंध है।
पहले से दर्ज हैं कई गंभीर मामले
विकास सिंह सरदार के खिलाफ पहले से ही हत्या, लूट, और रंगदारी जैसे संगीन अपराधों के 10 से अधिक मामले दर्ज हैं। विकास की गिरफ्तारी से न केवल इन दोनों मामलों की गुत्थी सुलझेगी, बल्कि अन्य आपराधिक मामलों में भी महत्वपूर्ण जानकारी मिल सकती है।

