रांची: रांची और जमशेदपुर में अंतर्राज्यीय बस टर्मिनल (आईएसबीटी) के निर्माण को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव सुनील कुमार ने मंगलवार को जुडको द्वारा संचालित इन दोनों परियोजनाओं की समीक्षा करते हुए निर्माण के लिए पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप), हैम (हाइब्रिड एन्युटी मॉडल) और ईपीसी (इंजीनियरिंग प्रोक्योरमेंट कंस्ट्रक्शन) मॉडल पर विचार-विमर्श किया। उन्होंने कहा कि इन तीनों में से जो मॉडल सबसे उपयुक्त होगा, उसी के तहत निर्माण कराया जाएगा।
निविदा निकालने के निर्देश
रांची के ट्रांसपोर्ट नगर के संचालन के लिए जल्द निविदा निकालने के निर्देश भी दिए गए हैं। उन्होंने परामर्शी कंपनी आइडेक द्वारा तैयार किए गए डिजाइन की प्रस्तुति देखी और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आईएसबीटी का निर्माण इस तरह हो कि रांची और जमशेदपुर के नागरिकों को सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हों।
330 करोड़ होंगे खर्च
निर्माण क्षेत्र की योजना के तहत रांची में 33.51 एकड़ और जमशेदपुर में 10.70 एकड़ भूमि पर आईएसबीटी बनेगा। कुल लागत रांची में 180.45 करोड़ रुपये और जमशेदपुर में 150 करोड़ रुपये निर्धारित की गई है। दोनों टर्मिनलों में 60 प्रतिशत भूमि को हरियाली और खुली जगह के लिए सुरक्षित रखा जाएगा, जबकि 40 प्रतिशत भूमि पर निर्माण होगा। रांची आईएसबीटी में कुल 68 बस वे, 200 आइडल बस पार्किंग, 300 कार और 800 बाइक पार्किंग की व्यवस्था होगी। साथ ही टर्मिनल बिल्डिंग, वर्कशॉप, शौचालय, लैंडस्केपिंग, फूड कोर्ट और 42 खुदरा दुकानें बनाई जाएंगी।
वहीं जमशेदपुर में 23 एलाइटिंग बस वे, 50 आइडल बस पार्किंग, 300 कार और 350 बाइक पार्किंग की सुविधा होगी। इसमें मल्टीपर्पज हॉल, बेसमेंट पार्किंग और 55 खुदरा दुकानों सहित आधुनिक यात्री सुविधाएं भी शामिल रहेंगी।

