
चाईबासा : झारखंड के सरायकेला-खरसावां जिला के मुख्यालय सरायकेला स्थित भगवान बिरसा मुंडा फुटबॉल स्टेडियम के अस्तित्व और पहचान को बचाने की मांग को लेकर 18 सितंबर को होने वाली विशाल रैली को सफल बनाने के लिए बुधवार को चाईबासा में एक बैठक आयोजित की गई।
बैठक में रैली में अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने को लेकर रणनीति तय की गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि 18 सितंबर को चाईबासा से सैकड़ों लोग सरायकेला के लिए रवाना होंगे। इसके लिए सभी लोग सुबह 10 बजे राजू ढाबा के पास एकत्रित होंगे और वहां से जुलूस की शक्ल में सरायकेला के लिए प्रस्थान करेंगे।
बैठक में आदिवासी हो समाज युवा महासभा के सदस्यों ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा फुटबॉल स्टेडियम केवल एक खेल मैदान नहीं है, बल्कि यह क्षेत्र की खेल प्रतिभाओं, आदिवासी अस्मिता और सामाजिक पहचान से जुड़ा हुआ महत्वपूर्ण स्थल है। इसके अस्तित्व को बचाए रखना हम सभी की जिम्मेदारी है, इसलिए आयोजित रैली में अधिक से अधिक संख्या में लोगों को शामिल होना चाहिए।
युवा महासभा की ओर से आम लोगों से अपील की गई है कि जो भी लोग 18 सितंबर की रैली में शामिल होना चाहते हैं, वे निर्धारित समय पर सुबह 10 बजे राजू ढाबा के पास पहुंचें। इसके साथ ही जिन लोगों के पास निजी वाहन हैं, वे अपने वाहनों के साथ आएं, ताकि अन्य लोगों को भी सरायकेला जाने में सुविधा हो सके। बैठक में रैली को सफल बनाने और व्यापक भागीदारी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक में बामिया बारी, चैतन्य कुंकुल, सुखलाल पुरती, इपिल समाड, रवि बिरुली, शेरसिंह बिरुवा, सुरेंद्र पुरती, रमेश बालमुचू, नरेन्द्र पाड़ेया, हरीश बोदरा, सत्यव्रत बिरुवा, लालसिंह चातोम्बा, विजय सिंह सुम्बरुई, निर्मल सिंकू, साधु बानरा सहित कई युवा और सामाजिक कार्यकर्ता मौजूद थे।

