
Chaibasa : पश्चिमी सिंहभूम जिले के गोइलकेरा प्रखंड में आकाशीय बिजली (वज्रपात) का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। शनिवार को कदमडीहा पंचायत के छोटा कुईड़ा गांव में वज्रपात की चपेट में आने से एक महिला की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनके देवर और देवरानी गंभीर रूप से झुलस गए। दो दिनों के भीतर इस इलाके में वज्रपात से मौत का यह दूसरा मामला है, जिससे पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है।
बाजार जाने के दौरान हुआ हादसा
मिली जानकारी के अनुसार, शनिवार दोपहर करीब 4 बजे छोटा कुईड़ा गांव की रहने वाली रोयबारी हेंब्रम (42 वर्ष) अपने देवर श्रीराम हेंब्रम (37 वर्ष) और देवरानी सुनीता हेंब्रम के साथ पास के गितिलपी गांव में लगने वाले बाजार जा रही थीं। इसी बीच अचानक मौसम बदला और तेज बारिश शुरू हो गई। बारिश से बचने के लिए तीनों रास्ते में एक पेड़ के नीचे खड़े हो गए।
उसी वक्त पेड़ पर अचानक जोरदार बिजली गिरी। वज्रपात की सीधी चपेट में आने से रोयबारी हेंब्रम ने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि श्रीराम और सुनीता गंभीर रूप से झुलस गए।
मुखिया ने पहुंचाई मदद, घायलों की स्थिति स्थिर
घटना की जानकारी मिलते ही कदमडीहा पंचायत की मुखिया द्रौपदी पूर्ति तुरंत मौके पर पहुंचीं। उन्होंने ग्रामीणों की मदद से दोनों घायलों को इलाज के लिए भिजवाया और प्राथमिक उपचार की व्यवस्था कराई। फिलहाल दोनों घायलों की स्थिति खतरे से बाहर बताई जा रही है। इस हादसे के बाद से छोटा कुईड़ा गांव में मातम पसरा हुआ है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
दो दिन पहले भी हुई थी एक मौत, प्रशासन ने जारी की चेतावनी
गौरतलब है कि कदमडीहा पंचायत में वज्रपात की यह लगातार दूसरी घटना है। इससे पहले बीते 2 जुलाई को भी गुरगुड़िया गांव में बिजली गिरने से एक ग्रामीण की मौत हो गई थी और एक व्यक्ति घायल हुआ था।
बार-बार हो रहे इन हादसों से ग्रामीणों में भारी डर है। लगातार बिगड़ते मौसम को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। प्रशासन ने सख्त हिदायत दी है कि बारिश, आंधी या कड़कती धूप के समय भूलकर भी पेड़ों के नीचे शरण न लें, क्योंकि पेड़ बिजली को सबसे जल्दी आकर्षित करते हैं। मौसम खराब होने पर तुरंत किसी पक्के और सुरक्षित मकान में चले जाएं।

