
धनबाद : धनबाद से खून के रिश्तों को तार-तार कर देने वाला एक खौफनाक मामला सामने आया है। जिले के बलियापुर थाना क्षेत्र के खेड़बाड़ी गांव में एक बेटे ने मामूली बात पर अपने 55 वर्षीय पिता विनोद गोप की बेरहमी से पीट-पीट कर हत्या कर दी। वारदात को दुर्घटना का रूप देने के लिए आरोपी बेटे ने पिता की लाश को घसीटकर एक सुनसान जगह पर फेंक दिया।
बुधवार की सुबह ग्रामीणों ने पंचायत भवन के पास एक सुनसान मकान के पास विनोद का शव देखा। इसके बाद पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही बलियापुर थाना प्रभारी सत्यजीत कुमार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और मामले की छानबीन शुरू की।
घसीटने के निशान और खून के धब्बों से खुला राज
पुलिस को मुख्य सड़क से करीब 30 मीटर दूर लाश मिली थी, लेकिन सड़क पर खून के गहरे निशान मौजूद थे। मृतक के सिर पर भी गंभीर चोटें थीं। इससे पुलिस को साफ अंदाजा हो गया कि हत्या कहीं और की गई और बाद में सबूत मिटाने के लिए शव को घसीटकर यहां फेंका गया।
जांच के दौरान पुलिस ने मृतक के 28 वर्षीय बेटे माथुर गोप को हिरासत में लिया। जब उससे कड़ाई से पूछताछ की गई, तो उसने अपना गुनाह कबूल कर लिया।
पूछताछ में यह बात सामने आई कि पिता विनोद गोप ने घर का स्कूटर और एक साइकिल बेच दी थी। इसी बात से नाराज होकर मंगलवार की रात पंचायत भवन के पास दोनों में तीखी बहस हुई। गुस्साए बेटे माथुर ने आपा खो दिया और पिता को इतनी बेरहमी से पीटा कि उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
छिपाने के लिए सुनसान जगह पर फेंकी लाश
हत्या करने के बाद माथुर ने पिता की लाश को छिपाने के लिए सुनसान जगह पर फेंक दिया। लेकिन जल्दबाजी में वह अपनी चप्पल और पिता की साइकिल वहीं छोड़ गया। बुधवार सुबह जब वह अपनी चप्पल और साइकिल उठाने वापस घटनास्थल पर पहुंचा तो लोगों को उस पर संदेह हुआ।
पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की। फिर सारा राज खुल गया। गांव वालों ने बताया कि ग्रामीणों ने बताया कि पिता-पुत्र के बीच अक्सर विवाद होता रहता था। पुत्र माथुर गोप कभी-कभार मजदूरी करता था और अक्सर नशे की हालत में रहता था।

