
रांची : झारखंड राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन शुक्रवार को विधानसभा के कांफ्रेंस हॉल में राज्यकर्मियों और पेंशनरों के लिए राज्य स्वास्थ्य बीमा योजना का शुभारंभ करेंगे। यह योजना राज्यकर्मियों, पेंशनरों और उनके आश्रितों को प्रत्येक वर्ष पांच लाख रुपये का स्वास्थ्य बीमा प्रदान करेगी। इसके साथ ही दिव्यांग आश्रितों को जीवनभर इस योजना का लाभ प्राप्त होगा।
योजना के मुख्य लाभ
इस योजना के तहत, लाभार्थियों को गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए पांच लाख रुपये तक की अतिरिक्त सीमा दी जाएगी, यानी कुल 10 लाख रुपये तक चिकित्सा खर्च का वहन सरकार करेगी। इसके अलावा, यदि बीमा राशि से अधिक खर्च होता है, तो कॉरपस फंड द्वारा अतिरिक्त भुगतान किया जाएगा।
विशेष परिस्थितियों में एयर एम्बुलेंस सेवा
इसके अलावा, यदि किसी राज्यकर्मी या सेवानिवृत्त कर्मी को दुर्घटना या मरणासन्न स्थिति में उच्चतर उपचार के लिए रेफर किया जाता है, तो उन्हें एयर एम्बुलेंस और वायुयान यात्रा की सुविधा भी प्रदान की जाएगी। यह विशेष व्यवस्था सुनिश्चित करेगी कि आवश्यकता पड़ने पर लाभार्थियों को त्वरित और गुणवत्तापूर्ण उपचार मिल सके।
शुरुआत पर ये होंगे विशिष्ट अतिथि
इस कार्यक्रम में विधानसभा के स्पीकर रबींद्रनाथ महतो, वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर, श्रम मंत्री संजय प्रसाद यादव और स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी जैसे विशिष्ट अतिथि भी उपस्थित रहेंगे। उनके साथ मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन इस महत्वपूर्ण योजना की शुरुआत करेंगे।
लाभार्थी वर्ग
योजना के शुभारंभ के बाद, एक मार्च से राज्यकर्मियों, रिटायरकर्मियों, विधानसभा के वर्तमान और पूर्व सदस्यों, अखिल भारतीय सेवाओं के सेवारत और सेवानिवृत्त पदाधिकारियों, राजकीय विश्वविद्यालयों में कार्यरत और सेवानिवृत्त शिक्षकों, निबंधित अधिवक्ताओं, पारिवारिक पेंशन प्राप्तकर्ताओं, राज्य सरकार के विभिन्न बोर्ड, निगम और संस्थानों में कार्यरत सेवानिवृत्त कर्मियों सहित अन्य लाभार्थियों और उनके आश्रितों को इस योजना का लाभ मिलेगा। माना जा रहा है कि इस योजना से राज्यकर्मियों और पेंशनरों को बेहतर स्वास्थ्य सुरक्षा और चिकित्सा सहायता मिल सकेगी, जिससे उनके जीवन की गुणवत्ता में भी सुधार होगा।

