
रांची: झारखंड के अधिवक्ताओं के सबसे बड़े निकाय ‘स्टेट बार काउंसिल’ के नए अध्यक्ष और उपाध्यक्ष को चुनने का वक्त आ गया है। 4 नवंबर को काउंसिल के शीर्ष पदों के लिए मतदान की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इस चुनाव को लेकर राज्यभर के वकीलों में खासा उत्साह और सुगबुगाहट देखने को मिल रही है। क्योंकि इसके नतीजों का सीधा असर कानूनी जगत की व्यवस्थाओं पर पड़ेगा।
चीफ रिटर्निंग ऑफिसर जस्टिस अंबुज नाथ की देखरेख में होने वाले इस चुनाव की सभी प्रशासनिक और तकनीकी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, कल सुबह ठीक 11:15 बजे से वोटिंग की प्रक्रिया शुरू होगी। सबसे खास बात यह है कि लंबी खींचतान या देरी से बचने के लिए मतदान खत्म होने के ठीक तुरंत बाद ही वोटों की गिनती शुरू कर दी जाएगी और शाम तक नए पदाधिकारियों के नामों पर से पर्दा उठ जाएगा।
किसके सिर सजेगा ताज? मैदान में दिग्गजों की फौज
इस बार का चुनाव कई मायनों में बेहद रोमांचक हो गया है, क्योंकि अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद के लिए कड़े मुकाबले के आसार हैं।
अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पद की जंग
बार काउंसिल की गद्दी संभालने के लिए इस बार अभय कुमार चतुर्वेदी और निलेश कुमार कुमार आमने-सामने हैं। दोनों के बीच सीधा और कड़ा मुकाबला देखने को मिल रहा है। वहीं उपाध्यक्ष पद के लिए चार दिग्गज मैदान में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं। इस रेस में अनिल कुमार महतो, मधुलता रानी, मृत्युंजय कुमार श्रीवास्तव और रिंकू भकत शामिल हैं, जिससे यह मुकाबला काफी दिलचस्प हो गया है।
बीसीआई सदस्य पद
बार काउंसिल ऑफ इंडिया (बीसीआई) के प्रतिष्ठित सदस्य पद के लिए मनोज कुमार (नंबर-टू), प्रशांत कुमार सिंह और संजय कुमार विद्रोही के बीच त्रिकोणीय संघर्ष की स्थिति बनी हुई है। कुल 26 वोटर तय करेंगे झारखंड वकीलों के नए भाग्यविधाता
इस हाई-प्रोफाइल चुनाव में आम मतदाता या वकील सीधे तौर पर वोट नहीं डालेंगे, बल्कि इसके लिए एक चुनिंदा निर्वाचक मंडल तय किया गया है। चुनाव प्रक्रिया में कुल 26 मतदाता अपने मताधिकार का इस्तेमाल करेंगे। इस विशेष वोटर लिस्ट में झारखंड स्टेट बार काउंसिल के 25 निर्वाचित सदस्य और राज्य के महाधिवक्ता शामिल हैं।
इन 26 दिग्गज वोटों की ताकत तय करेगी कि अगले कार्यकाल के लिए बार काउंसिल की कमान किसके हाथों में सौंपी जाएगी। वोटों के इस गणित पर हर किसी की नजर टिकी हुई है।

