
चक्रधरपुर : दक्षिण पूर्व रेलवे के अति-व्यस्त चक्रधरपुर रेलवे स्टेशन के ठीक सामने स्थित आस्था के प्रमुख केंद्र श्री हनुमान मंदिर को बीती रात बेखौफ अपराधियों ने अपना निशाना बनाया। चोरों ने मंदिर का मुख्य ताला तोड़कर दानपेटी में जमा श्रद्धालुओं का चढ़ावा पार कर दिया। सुबह जब मंदिर के सेवादार द्वार खोलने पहुंचे, तो टूटा हुआ ताला और बिखरा सामान देखकर घटना का पता चला। खबर फैलते ही मौके पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जमा हो गई।
रामनवमी कोष पर अपराधियों की बुरी नजर
मंदिर समिति के प्रमुख अतरु यादव ने इस वारदात की तीखी भर्त्सना करते हुए जल्द से जल्द आरोपियों की शिनाख्त कर गिरफ्तारी की मांग की है। स्थानीय निवासियों के अनुसार, मंदिर परिसर में चोरी का यह पहला मामला है। इस दानपेटी की विशेष धार्मिक महत्ता है, क्योंकि इसे वर्ष में केवल एक बार रामनवमी से पूर्व खोला जाता था और एकत्रित दानराशि से ही भव्य रामनवमी महोत्सव का आयोजन किया जाता था।
सुरक्षा व्यवस्था के दावों की खुली पोल
स्थानीय लोगों में प्रशासन के खिलाफ गहरा असंतोष व्याप्त है। क्षेत्रवासियों का कहना है कि स्टेशन रोड से अतिक्रमण और दुकानें हटने के बाद से यह पूरा इलाका रात के समय वीरान हो जाता है। पुलिस, आरपीएफ और जीआरपी द्वारा नियमित रात्रि गश्त के लंबे-चौड़े दावों के बावजूद इस तरह की घटना होना सुरक्षा घेरे की पोल खोलता है। नागरिकों ने स्टेशन मार्ग पर तुरंत रात की पेट्रोलिंग बढ़ाने और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने की मांग उठाई है।
सीसीटीवी खंगालने में जुटी पुलिस
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। पुलिस मंदिर और आसपास के स्टेशन परिसरों में लगे सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज खंगाल रही है, ताकि संदिग्धों की आवाजाही का सुराग मिल सके। फिलहाल पुलिस ने बहुत जल्द मामले का खुलासा करने का आश्वासन दिया है, वहीं क्षेत्र के लोगों की नजरें पुलिस की त्वरित कार्रवाई पर टिकी हैं।

