
9326 मतदान केंद्रों पर मिले हैं केवल एक से पांच आवेदन
सिर्फ रांची में 217 मतदान केंद्रों पर अब तक नहीं आया एक भी फॉर्म-6
रांची : विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के बाद छूटे पात्र युवाओं को मतदाता सूची से जोड़ने के लिए निर्वाचन विभाग ने अभियान तेज कर दिया है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को 15 सितंबर तक फॉर्म-6 के आवेदन प्राप्त कर पात्र नए मतदाताओं का पंजीकरण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है। इस कार्य के लिए उन्होंने युवाओं को प्रेरित करने का निर्देश अधिकारियों को दिया।
08 सितंबर तक राज्य के 31,892 मतदान केंद्रों की समीक्षा में 410 केंद्र ऐसे पाए गए, जहां एक भी फॉर्म-6 प्राप्त नहीं हुआ है। वहीं 9326 मतदान केंद्रों पर केवल एक से पांच आवेदन मिले हैं। रांची में सबसे अधिक 217 मतदान केंद्रों पर अब तक एक भी फॉर्म-6 नहीं आया है। दुमका में 38, देवघर में 35, साहेबगंज में 28, गढ़वा में 22 और गिरिडीह में 21 मतदान केंद्र ऐसे हैं। विधानसभा क्षेत्रवार देखें तो कांके में सर्वाधिक 133 मतदान केंद्रों पर शून्य आवेदन मिले हैं। इसके बाद हटिया में 43, भवनाथपुर में 22, मांडर में 21, शिकारीपाड़ा में 20 और खिजरी में 19 मतदान केंद्र शामिल हैं।
युवाओं की पहचान के लिए घर-घर अभियान
निर्वाचन विभाग ने एक अक्टूबर 2026 को अर्हता तिथि मानते हुए 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके या इस तिथि तक 18 वर्ष के होने वाले सभी पात्र भारतीय नागरिकों का मतदाता सूची में पंजीकरण कराने पर जोर दिया है। बीएलओ को घर-घर सत्यापन के दौरान छूटे युवाओं की पहचान करने और स्कूल-कॉलेजों में विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया गया है। मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के बीएलए-2 से भी अपने मतदान केंद्र क्षेत्र के पात्र युवाओं की पहचान कर उन्हें फॉर्म-6 भरने के लिए प्रेरित करने में सहयोग मांगा गया है। निर्वाचन विभाग का कहना है कि एसआईआर के माध्यम से तैयार मतदाता सूची को स्थायी दस्तावेज के रूप में संरक्षित किया जाता है, इसलिए कोई भी पात्र भारतीय नागरिक पंजीकरण से वंचित नहीं रहना चाहिए।

