Palamu : पांकी प्रखंड स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रसव कराने के नाम पर एक गर्भवती महिला से 10 हजार रुपये मांगने का गंभीर मामला सामने आया है। इस घटना ने सरकारी स्वास्थ्य व्यवस्था की विश्वसनीयता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
महिला की सास ने लिखा शिकायती पत्र
पांकी प्रखंड के बालूडीह गांव निवासी सुनीता देवी को प्रसव पीड़ा होने पर पांकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया। आरोप है कि प्रसव कराने के नाम पर उनकी सास सुकनी देवी से 10 हजार रुपये की मांग की गई। सुकनी देवी ने इस संबंध में चिकित्सा प्रभारी को लिखित शिकायत दी है।
इंटरनेट मीडिया से उठा मामला
मामले की जानकारी इंटरनेट मीडिया पर एक पोस्ट के जरिए सामने आई, जिसमें मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को टैग किया गया था। मुख्यमंत्री ने तत्काल संज्ञान लेते हुए पलामू डीसी को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। साथ ही राज्यभर में इस तरह की घटनाओं की जांच और ऑडिट कराने का आदेश भी दिया।
स्वास्थ्य विभाग की सख्त कार्रवाई
मुख्यमंत्री के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पांकी सीएचसी के लेबर रूम में तैनात एएनएम को हटा दिया है। उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
तीन नर्सें हटाई गईं
पांकी के चिकित्सा प्रभारी महेंद्र कुमार ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए लेबर रूम में तैनात तीन नर्सों को हटा दिया गया है। इनमें एक नियमित नर्स और दो स्वास्थ्य मिशन की नर्स शामिल हैं। सभी के खिलाफ आगे की कार्रवाई जारी है।

