
देवघर : यदि इस बार आप श्रावन मास में बाबा बैद्यनाथ धाम कांवर लेकर जाने की सोच रहे हैं तो यह आपके लिए अच्छी खबर है। इस बार भक्तों को आरामदायक रास्ता मिलेगा। प्रशासन ने तैयारी तेज कर दी है।
विश्व प्रसिद्ध राजकीय श्रावणी मेले की तैयारियां देवघर में जोरों पर हैं। बाबा बैद्यनाथ के दरबार आने वाले श्रद्धालुओं (कांवरियों) को इस बार पैदल चलने में कोई परेशानी न हो, इसके लिए जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। हाल ही में देवघर के उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानिया और पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने खुद पूरे कांवरिया पथ और मेला क्षेत्र का जायजा लिया।
नंगे पैर चलने वाले भक्तों के लिए बिछेगा मुलायम बालू
निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि दुम्मा बॉर्डर से लेकर पूरे कांवरिया पथ पर सिर्फ महीन और साफ बालू ही बिछाया जाए। चूंकि अधिकांश श्रद्धालु नंगे पैर यात्रा करते हैं, इसलिए बालू की गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखने को कहा गया है ताकि उनके पैरों में छाले न पड़े।
इसके साथ ही रास्ते में आने वाले सभी बिजली के ढीले तारों को दुरुस्त करने और उन्हें ऊपर कसने के निर्देश दिए गए हैं। चापाकलों (हैंडपंप) के आसपास जमी गंदगी को साफ करने और रास्ते से हर तरह के अतिक्रमण को तुरंत हटाने को कहा गया है।
पानी और साफ-सफाई की चौबीसों घंटे सुविधा
प्रशासन ने साफ कर दिया है कि मेले के दौरान सफाई व्यवस्था में कोई ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कांवरिया पथ पर पीने के साफ पानी की चौबीसों घंटे सप्लाई हो। शौचालयों और स्नानागारों की लगातार सफाई की जाए। नलों से बहने वाला पानी रास्ते पर न फैले, जिससे कीचड़ न हो। महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग टॉयलेट और नहाने की व्यवस्था हो।
टेंट सिटी और सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण
अधिकारियों की टीम ने दुम्मा बॉर्डर, सरसा, भलुवा, परित्राण और कोठिया टेंट सिटी का भी दौरा किया। साथ ही इन जगहों का निरीक्षण किया।
आइएसबीटी, कोठिया टेंट सिटी निर्माण स्थल, सरसा, भलुवा, परित्राण, दुम्मा बार्डर, कांवरिया पथ।
बाघमारा बस स्टैंड के पश्चात कोठिया में बनाए जाने वाले टेंट सिटी
सिटी की सुविधा व सुरक्षा के साथ हाइजीन, वेंटिलेशन और फायर, सुरक्षा व विद्युत ऑडिट के बाबत चर्चा।
परित्राण, भलुवा, सरसा समीप वाहन पड़ाव स्थल पर बेरिकेडिंग।
महिला व पुरुषों हेतु अलग-अलग शौचालय, स्नानगृह की व्यवस्था
स्वास्थ्य कैम्प, साउंड सिस्टम का इंतजाम।

