रांची : झारखंड में सर्दी का सितम एक बार फिर बढ़ने वाला है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, 25 जनवरी से राज्य के अधिकांश हिस्सों में तापमान में गिरावट का सिलसिला शुरू हो जाएगा। रिपोर्ट्स के मुताबिक, 25 जनवरी से तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आ सकती है, जिससे सर्दी की लहर तेज हो जाएगी।
इस समय राज्य के अधिकतर हिस्सों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है। हालांकि, अगले कुछ दिनों में यह तापमान कम हो सकता है। गुरुवार को झारखंड के गुमला जिले में 7.8 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जो राज्य में सबसे कम था। राजधानी रांची में भी तापमान 12 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो सामान्य से 2.2 डिग्री अधिक था। इसी तरह, जमशेदपुर और बोकारो में क्रमशः 12.8 डिग्री और 11.2 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया।
तापमान में गिरावट और बढ़ती सर्दी
मौसम विभाग ने बताया कि रांची में 25 जनवरी को न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस और 26 जनवरी को 10 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है। इसके साथ ही, झारखंड के उत्तरी और मध्य हिस्सों में आंशिक रूप से बादल रहने की संभावना भी जताई गई है। मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद ने कहा कि 24 जनवरी तक तापमान में कोई विशेष बदलाव नहीं होने की संभावना है, लेकिन उसके बाद तापमान में गिरावट की शुरुआत होगी।
सर्दी से राहत की उम्मीद नहीं, प्रशासन का प्रयास जारी
हालांकि पिछले कुछ दिनों से झारखंड में तापमान में बढ़ोतरी के कारण सर्दी से थोड़ी राहत महसूस हो रही थी, लेकिन आगामी दिनों में ठंड की वापसी के साथ यह राहत कम हो सकती है। प्रशासन इस बार सर्दी से बचने के लिए विशेष इंतजाम कर रहा है। रांची के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने बुधवार को विभिन्न स्थानों जैसे अल्बर्ट एक्का चौक, काली मंदिर चौक, डेली मार्केट पार्किंग और दुर्गा मंदिर रातू रोड पर कंबल वितरण की शुरुआत की। यह कदम सड़क किनारे और बेघर लोगों के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित हो रहा है।
इसके अलावा, झारखंड के सभी प्रमुख चौराहों और प्रखंडों में अलाव जलाने की व्यवस्था की गई है। अधिकारियों का कहना है कि कंबल का वितरण पहले ही प्रखंडों में किया जा चुका है, ताकि ठंड के तीव्र प्रभाव से लोग बच सकें।
ठंड के मौसम में इन खास बातों का रखें ध्यान
झारखंड में मौसम के बदलते मिजाज के साथ ठंड का असर फिर से बढ़ने वाला है। ऐसे में यह जरूरी है कि लोग विशेष रूप से बुजुर्गों, बच्चों और सड़क किनारे रहने वाले लोगों का ध्यान रखें। कंबल का इस्तेमाल, गर्म कपड़े पहनना और हल्के गर्माहट वाली चीजों का सेवन इस समय महत्वपूर्ण हो सकता है। इसके साथ ही, घरों और सार्वजनिक स्थानों पर अलाव और गर्म पानी की व्यवस्था बनाए रखना भी अत्यंत आवश्यक है।

