जमशेदपुर: झारखंड के स्कूलों में सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी (आईसीटी) योजना के तहत मिली सुविधाओं के सही उपयोग न होने पर शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपनाया है। विभाग द्वारा जारी एक हालिया पत्र में यह पाया गया है कि कई विद्यालयों द्वारा आईसीटी और स्मार्ट क्लास के उपयोग से संबंधित अनिवार्य ‘टाइमस्टैम्प फोटोग्राफ’ ऑनलाइन पोर्टल जेएचपीएमएस पर अपलोड नहीं किए जा रहे हैं।जिला कार्यालय ने इस स्थिति को ‘अत्यंत खेदजनक’ बताते हुए स्पष्ट किया है कि भविष्य में ऐसी लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
नियमित कक्षाओं का है निर्देश
सरकारी निर्देशों के अनुसार, कक्षा 6 से 12 तक के प्रत्येक सेक्शन के लिए सप्ताह में कम से कम दो कंप्यूटर कक्षाएं संचालित करना अनिवार्य है। इसके साथ ही, स्कूल में कार्यरत शिक्षकों को नियमित विषयों को पढ़ाने के लिए स्मार्ट क्लास का उपयोग करने का भी निर्देश दिया गया है। शिक्षा विभाग ने सभी प्राचार्यों और अनुदेशकों को इन नियमों का कड़ाई से पालन करने की चेतावनी दी है, ताकि छात्रों को आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षा का लाभ मिल सके।
आईसीटी इंस्ट्रक्टर की भूमिका तय:विभाग ने पारदर्शिता और नियमितता सुनिश्चित करने के लिए आईसीटी इंस्ट्रक्टर के लिए विशिष्ट जिम्मेदारियां फिर से निर्धारित की हैं:
• प्रतिदिन स्मार्ट क्लास की गतिविधियों के फोटो JHPMS पोर्टल (jhpms.schoolnetindia.com) पर अपलोड करना अनिवार्य है।
• नियमित शिक्षकों को स्मार्ट क्लास चलाने के लिए व्यावहारिक प्रशिक्षण देना।
• कंप्यूटर लैब की साफ-सफाई, हार्डवेयर-सॉफ्टवेयर का रखरखाव और दैनिक रजिस्टर मेंटेन करना।
• आधुनिक आईसीटी टूल्स और लर्निंग मैनेजमेंट सिस्टम के बारे में शिक्षकों को प्रशिक्षित करना।

