
RANCHI: झारखंड की राजधानी रांची में ठगी के दो चौंकाने वाले मामले सामने आए हैं, जिनमें अपराधियों ने बेहद चालाकी से पीड़ितों से लाखों रुपये की ठगी कर ली। एक मामले में फर्जी आरटीओ चालान के नाम पर भेजे गए APK लिंक के जरिए बैंक खाते से रुपये उड़ा लिए गए। वहीं दूसरे मामले में सोशल मीडिया पर दोस्ती कर 12वीं की छात्रा से फर्जी रिपोर्ट दिखाकर 10 लाख रुपये के जेवरात ठग लिए। मामला दर्ज करने के बाद पुलिस जांच में जुट गई है। वहीं लोगों से अपील की गई है कि किसी भी अनजान लिंक, APK फाइल या संदिग्ध मैसेज को न खोलें। सोशल मीडिया पर अनजान लोगों से दूरी बनाए रखें। संदिग्ध गतिविधि दिखाई देने पर तुरंत शिकायत दर्ज कराने की अपील की है।
APK फाइल इंस्टॉल करते पैसे गायब
पहला मामला टाटीसिल्वे का है। पॉल तिग्गा को एक वाट्सएप ग्रुप में आरटीओ चालान नामक संदिग्ध APK फाइल भेजी गई। फाइल को वास्तविक चालान मानकर जैसे ही उन्होंने इंस्टॉल किया, उनके बैंक खाते से 4 लाख 28 हजार रुपये की अवैध निकासी हो गई। घटना के बाद पीड़ित ने साइबर थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। साइबर सेल मामले की जांच कर रही है।
फर्जी रिपोर्ट दिखाकर ले लिया जेवर
दूसरी घटना लालपुर पीस रोड की है, जहां 12वीं की छात्रा को सोशल मीडिया पर अभिमन्यु नामक युवक ने दोस्त बनाया। विश्वास जीतने के बाद आरोपी ने युवती को नकली एचआईवी पॉजिटिव रिपोर्ट भेजकर डराया। इतना ही नहीं बहाने बनाकर उससे महंगे जेवरात ले लिए। कुल मिलाकर 10 लाख रुपये के जेवरात ठग लिए गए। शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है।

