पलामू : झारखंड में पलामू के जिला व्यवहार न्यायालय के प्रथम अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश अखिलेश कुमार की अदालत ने हत्या के एक मामले में आरोपी मनोज यादव उर्फ मुन्ना यादव को उम्रकैद की सजा सुनाई है। अदालत ने उस पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। जुर्माना अदा नहीं करने पर उसे एक वर्ष का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
यह मामला एसी/एसटी वाद संख्या 98/2022 से जुड़ा है। चैनपुर थाना क्षेत्र के टेमरी गांव निवासी उज्ज्वल कुमार टिडू ने चार लोगों – मनोज यादव, प्रदीप यादव, सनोज यादव और नरेश यादव के विरुद्ध चैनपुर थाना में नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई थी। मामला चैनपुर थाना कांड संख्या 195/2022 के तहत 23 अगस्त 2022 को भादवि की धारा 302, 120बी, 34 एवं 27 आर्म्स एक्ट में दर्ज किया गया था।
तालाब विवाद से शुरू हुआ था विवाद
अभियोजन पक्ष के अनुसार 10 जुलाई 2022 को आरोपियों ने सुजन्ति देवी और आनंद मसीह टिडू के साथ जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए गाली- गलौज की थी और जान से मारने की धमकी दी थी। आरोप था कि तालाब में मछली छोड़ने के विवाद और तालाब पर कब्जे की कोशिश को लेकर तनाव बढ़ा था।
दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या
23 अगस्त 2022 को दिन के लगभग तीन बजे मनोज यादव ने आनंद मसीह टिडू पर अंधाधुंध गोली चला दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। रांची ले जाने के क्रम में कुडू अस्पताल में चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
11 गवाहों की गवाही बनी आधार
इस मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से 11 गवाहों की गवाही कराई गई, जिनमें दो प्रत्यक्षदर्शी गवाह शामिल थे। अदालत ने साक्ष्यों के आधार पर मनोज यादव को दोषी करार दिया, जबकि अन्य तीन आरोपियों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया
सजा का विवरण
अदालत ने मनोज यादव को भादवि की धारा 302 के तहत उम्रकैद और 50 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई। वहीं आर्म्स एक्ट की धारा 27 के तहत 3 वर्ष की सजा और 5 हजार रुपये जुर्माना लगाया गया। जुर्माना अदा नहीं करने पर अतिरिक्त सजा का प्रावधान किया गया है। अभियोजन की ओर से लोक अभियोजक पुष्पा सिन्हा ने मामले का संचालन किया।

